वुमन्स एशिया कप 2026: हम जीते तो क्या नकवी से ट्रॉफी लेंगे; 2025 की मेंस ट्रॉफी अब तक नहीं मिली
Published: Updated:
4 min read

एशिया कप 2025 में पाकिस्तान को 3 मैच (फाइनल समेत) में हराया था। तब फाइनल जीतने के बाद भारतीय टीम के कप्तान रहे सूर्यकुमार यादव ने ACC चीफ नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेने से मना कर दिया था।
स्पोर्ट्स डेस्क. वुमन्स एशिया कप 2026 इसी महीने से दुबई में खेला जाएगा। टूर्नामेंट 28 अगस्त से 13 सितंबर तक होगा। इससे पहले ही ट्रॉफी को लेकर भारतीय फैन्स के मन में कई तरह के सवाल आने लगे होंगे। पहला तो यही है कि क्या हरमनप्रीत कौर की कप्तानी वाली भारतीय टीम यह वुमन्स एशिया कप जीतती है तो मोहसिन नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेंगे या नहीं?
दरअसल, नकवी एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के चीफ हैं। साथ ही पाकिस्तान के होम मिनिस्टर भी हैं। पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच राजनीतिक तनाव रहा है।
मेन्स टीम को 2025 की ट्रॉफी अब तक नहीं मिली
यही वजह है कि इन दोनों घटनाओं के बाद से अब तक क्रिकेट में भारतीय टीम ने पाकिस्तानी खिलाड़ियों से हाथ नहीं मिलाया। एशिया कप 2025 में पाकिस्तान को 3 मैच (फाइनल समेत) में हराया था। तब फाइनल जीतने के बाद भारतीय टीम के कप्तान रहे सूर्यकुमार यादव ने ACC चीफ नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेने से मना कर दिया था।

ट्रॉफी के लिए नकवी अपनी बात पर अड़े
इसके बाद BCCI सेक्रेटरी देवजीत सैकिया ICC मीटिंग से इतर नकवी से मिले थे। दोनों के बीच क्या बात हुई और क्या फैसला हुआ, यह तो क्लियर नहीं है, लेकिन सैकिया ने कहा था कि दोनों बोर्ड के बीच कड़वे रिश्तों में हल्का सुधार आया है।
हालांकि इसके बाद भी नकवी अपनी ही बात पर अड़े नजर आए और उन्होंने एक बार फिर अपने बयान में ट्रॉफी उनके ही हाथ से देने की बात कही। ऐसे में बड़ा सवाल तो यही है कि यदि भारतीय टीम वुमन्स एशिया कप जीतती है तो क्या नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेंगी? यदि नहीं तो क्या उन्हें ट्रॉफी मिलेगी?
ये भी पढ़ें: WTC में टीम इंडिया को 5.18% का फायदा: अब भी फाइनल की राह मुश्किल, 8 में से 5 टेस्ट जीतना जरूरी; देखें सिनेरियो

पहले इंडिया-पाकिस्तान मैच का शेड्यूल समझिए...
वुमन्स एशिया कप 2026 में इंडिया और पाकिस्तान को एक ही ग्रुप में रखा गया है। दोनों के बीच ग्रुप मुकाबला 5 सितंबर को होगा।
पिछले मेन्स टूर्नामेंट की तरह इस बार दोनों टीम के बीच एक से ज्यादा मैच शेड्यूल नहीं हैं। ग्रुप स्टेज के बाद दोनों टीम के बीच दूसरा मैच फाइनल में हो ही सकता है, यदि दोनों टीमें वहां तक पहुंचे तो।
यदि इंडिया ने फाइनल जीता तो क्या?
यही सबसे खास सवाल है कि यदि इस बार भी वुमन्स इंडियन टीम ने एशिया कप जीता तो क्या कप्तान हरमनप्रीत कौर सूर्या की राह पर चलेंगी और नकवी ट्रॉफी देने आए तो उनके हाथ से लेने से इनकार कर देंगी?
न्यूज एजेंसी की मानें तो इस पूरे मामले में BCCI का रुख अभी क्लियर नहीं है। ऐसे में पूरी संभावना बनी हुई है कि यदि टीम इंडिया खिताब जीतती है तो पिछली बार की तरह ही मामला हो सकता है।
हालांकि बोर्ड ने यह पहले ही क्लियर कर दिया है कि भारतीय और पाकिस्तानी टीम के बीच कोई औपचारिक शिष्टाचार नहीं होगा। यानी हैंडशेक भी देखने को नहीं मिलेगा। यदि प्रेंजेटेशन सेरेमनी (ट्रॉफी लेने) की बात करें तो बोर्ड अब भी 'वेट एंड वॉच' (Wait and Watch) की स्थिति में है।

क्या इस विवाद को दूर किया जा सकता है?
हां, सिर्फ एक स्थिति में ही यह संभव हो सकता है कि पिछली बार की तरह नकवी ट्रॉफी देने स्टेज पर ना आएं। उनकी जगह ACC का कोई दूसरा अधिकारी ट्रॉफी दे तो यह विवाद दूर हो सकता है।
फिलहाल, इंडियन वुमन्स टीम का पूरा फोकस टूर्नामेंट में अच्छा प्रदर्शन करके खिताब जीतने पर है। इस सारे विवाद के होने की आशंका तभी है जब इंडिया फाइनल में पहुंचे और खिताब जीतेगी। यदि भारतीय टीम फाइनल जीतती है तो ट्रॉफी देने वाला व्यक्ति ट्रेंड में आ जाएगा।

