ध्रुव राठी को 8 साल पुराने मामले में समन: 17 अक्टूबर को कोर्ट में पेशी; 2018 में BJP IT सेल पर बनाए वीडियो का है मामला
Published:
4 min read

ध्रुव राठी के खिलाफ 2018 में BJP IT सेल से जुड़े एक वीडियो को लेकर मानहानि का केस दर्ज हुआ था। अब दिल्ली की कोर्ट ने उन्हें नया समन जारी किया है।
नेशनल डेस्क। यूट्यूबर ध्रुव राठी के खिलाफ एक समन जारी हुआ है। दिल्ली की साकेत कोर्ट ने 2018 के एक वीडियो को लेकर चल रहे मानहानि के मामले में उन्हें यह समन भेजा है। यह मामला ध्रुव राठी के वीडियो 'BJP IT Cell Part 2' से जुड़ा है।
ध्रुव राठी इन दिनों CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हो रहे प्रदर्शनों में शामिल होने भारत आए हुए हैं। यही कारण है कि उनके खिलाफ फ्रेश समन जारी किया गया है। इससे पहले 10 अक्टूबर को उन्हें गुरुग्राम में उनके घर से ही हिरासत में लिया गया था।
क्या है 2018 का BJP IT सेल वीडियो मामला?
यह मानहानि का केस विकास पांडे नाम के शख्स ने 2018 में दर्ज कराया था। विकास पांडे ने सोशल मीडिया पर 'I Support Narendra Modi' नाम से एक पेज बनाया था। उनका आरोप है कि ध्रुव राठी ने अपने वीडियो में उन्हें BJP IT सेल का सदस्य बताया और दावा किया कि उन्होंने एक बिचौलिए के जरिए महावीर प्रसाद नाम के शख्स को 50 लाख रुपए देने की पेशकश की।
पांडे के मुताबिक, यह रकम इसलिए देने की बात कही गई थी, ताकि महावीर प्रसाद BJP IT सेल पर फेक न्यूज फैलाने के आरोप वापस ले लें। पांडे ने वीडियो में लगाए गए इन आरोपों को गलत बताते हुए मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी।
8 साल पहले हुई इस शिकायत में अब पांडे ने एक बार फिर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और ध्रूव राठी के खिलाफ नया समन जारी करने का निर्देश देने की मांग की।
यह भी पढ़ें... कौन हैं ध्रुव राठी: भारत में जन्मे, जर्मन महिला से शादी की, अब नागरिकता पर सवाल; मैकेनिकल इंजीनियर से कैसे बन गए फेमस यूट्यूबर
ऑस्ट्रिया में रहते हैं ध्रुव राठी, इसलिए नए समन की मांग
12 अक्टूबर को साकेत कोर्ट के ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट राहुल जैन के सामने यह अपील की गई। विकास पांडे की ओर से पेश वकील समक्ष शर्मा ने कोर्ट को बताया कि राठी आम तौर पर ऑस्ट्रिया में रहते हैं और दिल्ली में चल रहे CJP के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए भारत आए हैं। ऐसे में उनके खिलाफ नए सिरे से समन पहुंचाया जाना चाहिए ताकि जल्द कार्रवाई की जा सके। इसके बाद कोर्ट ने समन जारी कर दिया। मामले की अगली सुनवाई 17 अक्टूबर को तय की गई है।
10 अक्टूबर को घर से हिरासत में लिए गए थे राठी
समन जारी होने से कुछ दिन पहले ही ध्रुव राठी को गुरुग्राम के सेक्टर-56 स्थित उनके घर से हिरासत में लिया गया था। 10 अक्टूबर को करीब 50 पुलिसकर्मी उनके घर पहुंचे थे। हालांकि उन्हें देर रात छोड़ भी दिया गया था।
दिल्ली पुलिस ने इस कार्रवाई को एहतियाती कदम बताया था। पुलिस के मुताबिक, दिल्ली में जंतर-मंतर पर होने वाले प्रोटेस्ट की परमिशन नहीं ली गई थी। इसीलिए इसमें शामिल होने वाले बड़े चेहरों को वहां पहुंचने से पहले ही डिटेन कर लिया गया।
राठी का आरोप- सादे कपड़ों में पुलिस पीछा कर रही
ध्रुव राठी ने बुधवार (14 अक्टूबर) को इंस्टाग्राम पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में बताया कि पुलिस आजकल पूरे वक्त उनका पीछा कर रही है। उन्होंने अपनी कार के आगे-पीछे चल रही कारों की ओर इशारा करते हुए बताया कि सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी बिना नंबर या पहचान वाले वाहनों से उनका पीछा कर रहे हैं।
राठी ने इस वीडियो को शेयर करते हुए लिखा कि भारत के लोगों के टैक्स का पैसा सरकार इस तरह मुझ पर अवैध तरीके से नजर रखने पर खर्च कर रही है।

