खराब शॉट सिलेक्शन से हारा बांग्लादेश: PAK के खिलाफ पूरी टीम ने सिर्फ 6 चौके लगाए; एरियल शॉट के चक्कर में ज्यादातर विकेट गिरे
Published:
3 min read

गुरुवार रात एशिया कप के सुपर-4 स्टेज में पाकिस्तान ने बांग्लादेश को 11 रनों से हराकर फाइनल में एंट्री ली।
पाकिस्तान ने बांग्लादेश को हराकर एशिया कप के फाइनल में जगह बना ली है। अब उसका मुकाबला 28 सितंबर को भारत से होगा। बीती रात खेले गए पाकिस्तान और बांग्लादेश मैच में दोनों टीमों ने हारने की बहुत कोशिश, लेकिन बांग्लादेश की कोशिश ज्यादा कारगर रही।
मुश्किल में था पाकिस्तान, किसी तरह सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचा
पहले बैटिंग करते हुए पाकिस्तान ने एक वक्त पर 71 रन पर 6 विकेट गंवा दिए थे। लेकिन बांग्लादेश प्रेशर बनाने में नाकाम साबित रहा। लगातार कैच ड्रॉप की वजह से पाकिस्तान किसी तरह 135 के सम्मानजनक स्कोर तक जा पहुंचा।
136 रन चेज करने उतरी बांग्लादेशी टीम ने पूरे मैच में कभी भी संभलकर खेलने की कोशिश नहीं की। अंत में 11 रन पीछे रह गई। बांग्लादेश ने शुरुआत में जिस तरह शिकंजा कसा था। अगर वे पाकिस्तान को 120 तक समेट देते तो रिजल्ट कुछ और होता।
बांग्लादेश ने चौकों से ज्यादा छक्के मारे, इसी कोशिश में हारे
जाहिर है कि दुबई की पिच पर 136 रन बनाने मुश्किल नहीं थे। सेकेंड इनिंग में पिच बैटिंग के लिए बेहतर थी। हालांकि, बांग्लादेशी बैटर्स कुछ और ही सोचकर आए थे। इसका अंदाजा आप इसी से लगा सकते हैं कि पूरी बांग्लादेश टीम ने अपनी इनिंग में सिर्फ 6 चौके लगाए। जबकि 7 सिक्सर मारे।
इसका मतलब वे एरियल शॉट के लिए ज्यादा गए। नतीजा यही हुआ कि ऊपर के 7 बैटर्स हवाई शॉट मारने के चक्कर में कैच आउट होकर पवेलियन गए। इसके अलावा बांग्लादेश ने अपनी पारी की आधी गेंदें डॉट खेलीं। इससे स्ट्राइक रोटेशन नहीं हो पाया, जो हार का एक कारण बना।
एक-दो पार्टनरशिप होती तो रिजल्ट अलग होता
अमूमन छोटा टोटल चेज करते वक्त पारी को संभालना भी बहुत जरूरी होता है। बांग्लादेश के सामने बहुत बड़ा लक्ष्य नहीं था। उन्हें फाइनल में पहुंचने के लिए प्रति ओवर 6.8 रनरेट की जरूरत थी। ऐसा भी नहीं है कि पाकिस्तान ने बहुत एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी बॉलिंग की।
अगर ऐसा होता तो बांग्लादेश टीम काफी पहले सिमट गई रहती। 97 पर बांग्लादेश के 8 प्लेयर डगआउट में लौट चुके थे। 101 रन पर 9वां विकेट भी गिर गया। हालांकि, 10वें विकेट के लिए 14 बॉल में 23 रनों की पार्टनरशिप हो गई। बांग्लादेशी फैंस भी सोच रहे होंगे कि अगर ऐसी एक या दो पार्टनरशिप पहले हो गई रहती तो उनकी टीम जीत सकती थी।

