मैदान पर दुश्मन-बाहर दोस्त समझो: सिराज बोले- कोहली ने सिखाया विरोधी टीम के खिलाफ रवैया; फाइटिंग अप्रोच कोई विराट से सीखे
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विराट कोहली ने मई 2025 में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया। फाइल।
स्पोर्ट्स डेस्क. मोहम्मद सिराज ने कहा है कि अगर किसी को मैदान या जिंदगी में फाइटिंग स्पिरिट सीखनी है तो उसे विराट कोहली से सीखना चाहिए। सिराज के मुताबिक- विराट जितने बड़े प्लेयर हैं, उतने ही बड़े इनसान भी हैं। उनसे मैंने एक चीज सीखी। वो कहते हैं कि मैदान पर विरोधी टीम को दुश्मन की तरह ट्रीट करो, मैच जब खत्म हो जाए तो फिर सब हमारे दोस्त हैं।
सिराज ने हालिया इंग्लैंड दौरे में शानदार परफॉर्म किया। 5 टेस्ट की तेंदुलकर-एंडरसन ट्रॉफी में हैदराबाद से ताल्लुक रखने वाले इस पेसर ने 23 विकेट अपने खाते में दर्ज किए।
IPL में अब दोनों आमने-सामने
IPL सिराज पहले RCB से खेलते थे। अब वो गुजरात टाइटन्स के लिए खेल रहे हैं। मायने ये कि अब दोनों प्लेयर आमने-सामने और विरोधी टीम से खेलते हैं।
रेवर्स्पोट्ज को दिए इंटरव्यू में सिराज ने कहा- कोहली मेरे मेंटर और गाइड हैं। हमारा रिश्ता जबरदस्त है। मैंने उनकी कप्तानी में ही टेस्ट डेब्यू किया था और उन्होंने मेरे लिया क्या किया, ये बताना भी मुश्किल है। मुश्किल वक्त में विराट भाई मेरे साथ खड़े रहे। आज लोग मेरे डेडिकेशन, इंटेसिटी और कमिटमेंट की बात करते हैं। इस सबके पीछे विराट भाई का सबक है।

मैदान अलग, दोस्ती अलग
सिराज ने आगे कहा- विराट हमेशा एक बात जरूर सिखाते हैं। वो कहते हैं कि मैदान पर आपकी अपोजिट टीम आपकी दुश्मन है। उसे कोई रियायत नहीं देनी चाहिए। मैच जब खत्म हो जाए तो हम हर किसी के दोस्त हैं।
इस हैदराबादी पेसर ने कहा- लोग कहते हैं कि मैं बहुत एग्रेसिव हो गया हूं। सच यह है कि यह भी विराट ने ही सिखाया। अगर मैं एग्रेशन नहीं दिखाउंगा तो अच्छी बॉलिंग भी नहीं कर पाउंगा। आज मैं विराट भाई की टीम RCB में नहीं हूं। जब वहां था, तब हमारे रिश्ते जबरदस्त हो गए थे। आज भी ये बॉन्डिंग कायम है। आप एक चीज और नोटिस कीजिए। विराट भाई किसी भी पेस बॉलर से ज्यादा एग्रेसिव नजर आते हैं और ये चीज उन्हें बिल्कुल अलग प्लेयर बना देती है।
इंग्लैंड के खिलाफ हालिया सीरीज का जिक्र करते हुए सिराज ने कहा- एक घटना की जिक्र जरूरी है। आखिरी टेस्ट ओवल में खेला गया था। इंग्लैंड को जीत के लिए 374 रन चाहिए थे। इंग्लैंड मजबूत स्थिति में थी। जो रूट और हैरी ब्रुक तेज खेल रहे थे। मुझे कोहली की सीख याद आई। वो कहते हैं कि कभी हौसले कम मत होने दो। पलटकर वार करो। मैंने टीम को यही सीख देकर मोटिवेट किया और नतीजा देखिए। मैंने रूट का विकेट लिया।
दर्शक सिर्फ दर्शक नहीं, मोटिवेटर भी हैं
सिराज कहते हैं- विराट भाई ने ये भी सिखाया कि दर्शकों को अपने फेवर में कैसे किया जाता है। अगर दर्शक आपकी हौसलाअफजाई करने लगें तो कॉन्फिडेंस दोगुना हो जाता है। वो मोटिवेटन का काम करते हैं।
इंग्लैंड सीरीज में सिराज ने दो बार फाइव विकेट हॉल अपने नाम किया। यह सीरीज 2-2 से बराबर रही थी।

