टीम इंडिया के पूर्व कप्तान अजहरुद्दीन मंत्री बने: तेलंगाना कैबिनेट में शामिल हुए; BJP ने कांग्रेस पर वोट बैंक की राजनीति का आरोप लगाया
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शुक्रवार को हैदराबाद के राजभवन में आयोजित एक समारोह में मोहम्मद अजहरुद्दीन को मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। उनके साथ CM रेवंत रेड्डी।
स्पोर्ट्स डेस्क: टीम इंडिया के पूर्व कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन को शुक्रवार को तेलंगाना सरकार में मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी की कैबिनेट में उनकी एंट्री को कांग्रेस का बड़ा राजनीतिक कदम माना जा रहा है, खासकर उस वक्त जब जुबली हिल्स सीट पर उपचुनाव होने वाला है। वहीं बीजेपी ने इस फैसले पर तीखी प्रतिक्रिया दी है
आज ही के दिन शपथ दिलाई
शुक्रवार को हैदराबाद के राजभवन में आयोजित एक समारोह में राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने मोहम्मद अजहरुद्दीन को मंत्री पद और की शपथ दिलाई। इस मौके पर मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी समेत कई बड़े कांग्रेस नेता मौजूद थे।अजहरुद्दीन के शामिल होने के बाद अब तेलंगाना सरकार में कुल 16 मंत्री हो गए हैं, जबकि राज्य में नियम के अनुसार अधिकतम 18 मंत्री बनाए जा सकते हैं।
वोट के लिए हुए राजनीति
अजहरुद्दीन की एंट्री को कांग्रेस के लिए एक रणनीति कदम माना जा रहा है, क्योंकि जल्द ही जुबली हिल्स विधानसभा सीट पर उपचुनाव होना है। यह इलाका अल्पसंख्यक आबादी वाला माना जाता है। करीब एक लाख से ज्यादा अल्पसंख्यक समुदाय के वोटर यहां निर्णायक भूमिका निभाते हैं। यह सीट बीआरएस विधायक मगंती गोपीनाथ के निधन के बाद खाली हुई थी, जिनका जून में हार्ट अटैक से निधन हो गया था। ऐसे में इस उपचुनाव को लेकर कांग्रेस और बीजेपी दोनों ही पूरी ताकत लगा रही है।
बीजेपी ने कांग्रेस पर निशाना साधा
अजहरुद्दीन के मंत्री बनने के कुछ ही घंटों बाद बीजेपी ने कांग्रेस पर नेताओं ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने अजहरुद्दीन को मंत्री बनाकर अल्पसंख्यक वोटों को लुभाने की कोशिश की है। बीजेपी ने कहा कि यह फैसला काबिलियत के आधार पर नहीं, बल्कि चुनावी फायदे के लिए लिया गया है। उनका कहना है कि कांग्रेस की यह चाल उपचुनाव में वोट बैंक की राजनीति का हिस्सा है।

मुझे खुशी की पार्टी ने भरोसा जताया
बीजेपी के आरोपों पर अजहरुद्दीन ने कहा- मुझे खुशी है कि पार्टी ने मुझ पर भरोसा जताया। मैं अपने काम से लोगों का विश्वास जीतूंगा। मेरा मंत्री बनना और जुबली हिल्स उपचुनाव – ये दो अलग बातें हैं। इन्हें जोड़कर नहीं देखना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि वे जिस भी विभाग की जिम्मेदारी पाएंगे, गरीब और दबे-कुचले लोगों के उत्थान के लिए ईमानदारी से काम करेंगे। बीजेपी नेता जी. किशन रेड्डी के बयानों पर उन्होंने कहा- मुझे किसी से देशभक्ति का सर्टिफिकेट लेने की जरूरत नहीं है।

