मेलबर्न पिच को एक डिमेरिट पॉइंट मिला: ICC ने खराब रेटिंग दी, दो दिन में 36 विकेट गिरे थे
Published:
3 min read

इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (MCG) को खराब रेटिंग दी। (फोटो क्रेडिट -ICC)
स्पोर्ट्स डेस्क। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड की पिच को खराब रेटिंग दी है। MCG को एक डिमेरिट पॉइंट मिला है। 2023 में नया पिच ग्रेडिंग सिस्टम लागू होने के बाद पहली बार ऑस्ट्रेलिया के किसी मैदान को डिमेरिट पॉइंट मिला है। वहीं, पर्थ की पिच को वेरी गुड रेटिंग दी गई है। ICC के नियमों के मुताबिक अगर किसी मैदान को 5 साल में 6 डिमेरिट पॉइंट मिल जाते हैं तब उस पर 12 महीने का बैन लग सकता है।

मेलबर्न टेस्ट में क्या हुआ
एशेज 2025 का चौथा टेस्ट मेलबर्न में खेला गया था। मैच सिर्फ 2 दिन में खत्म हो गया। कुल 36 विकेट गिरे। इनमें से 20 विकेट पहले ही दिन गिर चुके थे। दोनों टीमों का कोई भी बैटर 10 रन का आंकड़ा पार नहीं कर सका। पूरे मैच में स्पिनर्स ने एक भी ओवर नहीं डाला। सभी विकेट पेसर ने ही लिए।
पर्थ टेस्ट भी सिर्फ दो दिनों में खत्म हो गया था। ICC ने उस पिच को "वेरी गुड" बताया था। ICC ने कहा था कि पर्थ की पिच पर बैट और बॉल के बीच अच्छा बैलेंस था।

टेस्ट मैच 2 दिन में खत्म हो गया
स्टीव स्मिथ ने कहा था कि 36 विकेट सिर्फ 2 दिन में गिरना थोड़ा ज्यादा था और पिच ने उम्मीद से ज्यादा गेंदबाजों का पक्ष लिया। उन्होंने सुझाव दिया कि अगर घास थोड़ी कम होती, तो मैच बराबर का होता। स्मिथ ने यह भी कहा कि अगर दोनों पारियों में ऑस्ट्रेलिया सिर्फ 50-60 रन और बना लेता, तो वे मुकाबले में बने रह सकते थे। उन्होंने इंग्लैंड की टॉप ऑर्डर बल्लेबाजी की तारीफ की थी।
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया को करीब 10 मिलियन डॉलर का नुकसान
बॉक्सिंग डे टेस्ट 26- 27 दिसंबर को सिर्फ 852 गेंदों में खत्म हो गया। एशेज के 143 साल के इतिहास में चौथा सबसे छोटा टेस्ट मैच रहा। कोई भी बैटर 50 रन नही बना सका। साथ ही कोई भी टीम 200 रन तक नहीं पहुंच पाई। बॉक्सिंग डे टेस्ट जल्दी खत्म होने से क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया को करीब 10 मिलियन डॉलर का नुकसान हुआ।
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने गलती मानी
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के CEO टॉड ग्रीनबर्ग ने पिच को लेकर गलतियों की बात मानी। उन्होंने कहा कि इतने कम समय में टेस्ट मैच खत्म होना क्रिकेट के भविष्य के लिए अच्छा नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि आगे चलकर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया पिच तैयार करने में ज्यादा एक्टिव रहेगा।
ग्रीनबर्ग ने कहा कि टेस्ट क्रिकेट का असली मजा लंबे मैचों में ही आता है। उन्होंने यह भी माना कि खेल के कमर्शियल पहलुओं को देखते हुए पिच की तैयारी को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

ICC पिच की रेटिंग कैसे करता है
ICC पिच को चार स्टेज में रेट करता है। सबसे ऊपर वेरी गुड रेटिंग होती है। इसमें बॉल और बैट के बीच बैलेंस दिखता है। इसके बाद सेटिस्फेक्ट्री रेटिंग आती है। इसमें गुड और एवरेज पिच शामिल है। अगर बॉलर्स को जरूरत से ज्यादा मदद मिलती है तब पिच को असंतोषजनक माना जाता है। इसमें 1 डिमेरिट पॉइंट दिया जाता है। सबसे खराब हालात में पिच को अनफिट या खराब रेटिंग मिलती है। इसमें 3 डिमेरिट पॉइंट दिए जाते हैं।
यह भी पढ़ें: कोहली एक और घरेलू मैच खेलेंगे: फिर 4 दिन बाद न्यूजीलैंड से वनडे सीरीज, DDCA ने कहा- विराट ने 3 मैच खेलने का वादा किया

