संजू सैमसन को ड्रॉप क्यों किया: गंभीर का जवाब- पुराने परफॉर्मेंस से टीम में जगह नहीं बनती, लेटेस्ट फॉर्म देखा जाता है
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इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी-20 में 125 रन की हार के बाद टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गए। भारत के सिर्फ 76 रन पर ऑलआउट होने के बाद सबसे बड़ा सवाल टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के हीरो संजू सैमसन को बाहर करने पर उठा।
स्पोर्ट्स डेस्क. इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी-20 में भारत की 125 रन से हार के बाद टीम मैनेजमेंट सवालों के घेरे में हैं। संजू सैमसन को प्लेइंग-11 से बाहर रखने पर सबसे ज्यादा सवाल खड़े हो रहे हैं। जब इस मामले पर हेड कोच गौतम गंभीर से सवाल किया गया तो उन्होंने साफ-साफ कह दिया कि टीम में जगह पुराने परफॉर्मेंस पर नहीं बल्कि हालिया फॉर्म पर डिपेंड करती है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में गौतम गंभीर से सीधे पूछा गया कि टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में परफॉर्मेंस करने वाले संजू सैमसन को आखिर बाहर क्यों किया गया। इस पर गंभीर ने कहा कि इस फैसले को लेकर संजू से पहले ही बात हो चुकी थी। बातचीत निजी है, इसलिए उसे सार्वजनिक नहीं किया जा सकता।
'पुराने परफॉर्मेंस के आधार पर नहीं होता सिलेक्शन'
गंभीर ने कहा- संजू ने भारत के लिए बेहतरीन क्रिकेट खेला लेकिन टीम में जगह मौजूदा फॉर्म और टीम की जरूरत के हिसाब से मिलती है। सिर्फ पुराने प्रदर्शन के आधार पर किसी खिलाड़ी को लगातार मौका नहीं दिया जा सकता। सैमसन के लिए टीम के दरवाजे बंद नहीं हुए हैं। अगर जरूरत पड़ी और उनका प्रदर्शन अच्छा रहा तो वह इसी इंग्लैंड सीरीज में वापसी कर सकते हैं।

गंभीर ने बताया कि 15 साल के वैभव सूर्यवंशी को मौका देने का फैसला टीम कॉम्बिनेशन को देखते हुए लिया गया था। टीम मैनेजमेंट को लगा कि अभिषेक शर्मा और वैभव की ओपनिंग जोड़ी बेहतर विकल्प साबित हो सकती है। हालांकि यह प्रयोग पूरी तरह फ्लॉप रहा और भारत सिर्फ 76 रन पर सिमट गया। गंभीर ने आगे कहा- क्रिकेट में नाम नहीं, बल्कि प्रदर्शन मायने रखता है। टीम में वही खिलाड़ी खेलता है, जो उस समय टीम को जीत दिलाने की सबसे ज्यादा क्षमता रखता हो।

हर्षित राणा को ऊपर भेजने पर भड़के दिनेश कार्तिक
भारत की पारी की शुरुआत बेहद खराब रही। पावरप्ले के अंदर ही अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन, श्रेयस अय्यर और अक्षर पटेल आउट हो गए। इसके बाद टीम मैनेजमेंट ने ऑलराउंडर शिवम दुबे की जगह तेज गेंदबाज हर्षित राणा को बल्लेबाजी के लिए भेज दिया। यह फैसला पूर्व भारतीय क्रिकेटर दिनेश कार्तिक को बिल्कुल पसंद नहीं आया। लाइव कमेंट्री के दौरान उन्होंने टीम मैनेजमेंट पर सवाल उठाते हुए कहा- हर्षित राणा शिवम दुबे से पहले बल्लेबाजी करने आए? क्या सच में? मुझे नहीं लगता कि हर्षित ने घरेलू क्रिकेट में भी कभी पावरप्ले में बल्लेबाजी की होगी।
कार्तिक ने आगे कहा- टी-20 क्रिकेट में लेफ्ट-राइट कॉम्बिनेशन की अहमियत जरूर होती है, लेकिन उसकी भी एक सीमा होती है। शिवम दुबे जैसे बल्लेबाज से पहले राणा को भेजना समझ से परे फैसला था। इस जीत के साथ इंग्लैंड ने पांच मैचों की सीरीज में 2-0 की बढ़त बना ली, जबकि श्रेयस अय्यर की कप्तानी में भारत अब भी पहली टी-20 जीत का इंतजार कर रहा है।

