शिव गरीबों के, राम अमीरों के भगवान: तेलंगाना CM रेड्डी के बयान पर बवाल, BJP बोली- ये देवताओं के नाम पर बांटने की साजिश
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तेलंगाना CM रेवंत रेड्डी के बयान पर केंद्रीय मंत्री बंदी संजय कुमार ने पलटवार किया। (फाइल फोटो)
नेशनल डेस्क. तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने सोमवार को उत्तर और दक्षिण भारत की धार्मिक और राजनीतिक पहचानों की तुलना करके सियासी घमासान शुरू कर दिया है। CM रेवंत ने भगवान शिव को गरीबों का और भगवान राम को अमीरों का बताया। BJP ने रेड्डी के इस बयान की निंदा करते हुए इसे राजनीतिक लाभ के लिए समुदायों को बांटने कोशिश बताया।
रेवंत रेड्डी ने नई दिल्ली में मीडिया के एक कार्यक्रम ने कहा- बीजेपी लगातार जय श्री राम नारे का इस्तेमाल करती है। उन्होंने पूछा- पीएम मोदी और बीजेपी के अन्य नेता इसी तरह हर हर महादेव नारा क्यों नहीं लगाते। उन्होंने आगे कहा- हम द्रविड़ हैं, वे आर्य हैं। हम भगवान शिव के भक्त हैं, जबकि वे भगवान राम के भक्त हैं। CM रेड्डी ने शिव को गरीबों का और राम को अमीरों का भगवान बताया।
परिसीमन पर भी सवाल उठाया
रेड्डी ने लोकसभा परिसीमन पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा- जनसंख्या के आधार पर सीटों में वृद्धि से दक्षिणी राज्यों का राजनीतिक महत्व कम हो सकता है।
BJP का रेवंत रेड्डी पर पलटवार
केंद्रीय मंत्री बंदी संजय कुमार ने रेवंत रेड्डी के बयान पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा- रेवंत रेड्डी ने पहले कहा था कि मुस्लिम मतलब कांग्रेस और कांग्रेस का मतलब मुस्लिम। अब वे भगवान राम और भगवान शिव के बीच राजनीतिक लकीर खींचने की कोशिश कर रहे हैं।
उन्होंने कहा- तेलंगाना के मुख्यमंत्री होने के नाते रेड्डी को भगवान राम और भगवान शिव को उत्तर और दक्षिण में विभाजित करने की बजाय बेहतर तरीके से ये जानना चाहिए कि वेमुलावाड़ा में दक्षिणा काशी और भद्राचलम में दक्षिणा अयोध्या है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राजनीति के लिए धार्मिक और क्षेत्रीय पहचान का इस्तेमाल कर रही है। उन्होंने रेड्डी को हिंदू परंपराओं को भौगोलिक या सामाजिक आधार पर विभाजित न करने की भी चेतावनी दी।

