दीदी का भतीजे पर भरोसा जारी : ममता बोलीं- बंगाल के लोग माफ करें, TMC में कुछ गद्दार निकले- कोई मुझे रोक नहीं पाएगा
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बनर्जी का बयान ऐसे समय आया है, जब बागी नेता अभिषेक बनर्जी की लीडरशिप को पार्टी तोड़ने के पीछे की वजह बता रहे हैं। (फाइल फोटो)
नेशनल डेस्क. पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (TMC) प्रमुख ममता बनर्जी ने पार्टी में जारी अंदरूनी कलह की अटकलों के बीच भतीजे अभिषेक बनर्जी पर अपना भरोसा दोहराया है। उन्होंने पार्टी छोड़ने वाले नेताओं को गद्दार बताते हुए बंगाल के लोगों से माफी मांगी।
पूर्व CM ने कहा- वह किसी भी राजनीतिक दबाव के आगे नहीं झुकेंगी। ममता ने BJP पर केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। उन्होंने जरूरत पड़ने पर पार्टी को शून्य से फिर खड़ा करने का संकल्प भी जताया।
BJP पर लगाए पार्टी तोड़ने के आरोप
बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफार्म फेसबुक पर ममता बनर्जी ने उन आरोपों को भी खारिज किया है, जिसमें कहा जा रहा है कि अभिषेक के बढ़ते प्रभाव के चलते पार्टी में आंतरिक कलह बढ़ रही है। ममता बनर्जी ने न सिर्फ अभिषेक का समर्थन किया, बल्कि उन्होंने बंगाल के लोगों से माफी मांगी है। उन्होंने BJP पर आरोप लगाते हुए कहा- वह केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल करके उनकी पार्टी के नेताओं को तोड़ रही है। उन्होंने फिर से पार्टी को खड़ा करने का संकल्प लेते हुए कहा- चाहे इसके लिए उन्हें शून्य से शुरुआत क्यों ना करना पड़े।
अभिषेक की तारीफ की
ममता बनर्जी ने अभिषेक की तारीफ करते हुए कहा- उनके खिलाफ कई जांच चल रही हैं, पॉलिटिकल दवाब के बाद भी उन्होंने कंप्रोमाइज नहीं किया। ममता बनर्जी ने कहा- वह टाइगर की तरह लड़ रहा है। उन्होंने कहा- इतनी आलोचनाओं के बाद भी वह बिना किसी मदद के अडिग हैं और राजनीतिक चुनौतियां का सामना कर रहे हैं।
बनर्जी का बयान ऐसे समय आया है, जब बागी नेता अभिषेक बनर्जी की लीडरशिप को पार्टी तोड़ने के पीछे की वजह बता रहे हैं। ममता बनर्जी ने इन आरोपों को खारिज किया है। अभिषेक सभी के निशाने पर इसलिए हैं कि उन्होंने समझौता करने से इंकार कर दिया।
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लोगों से माफी, बागियों को चेतावनी
ममता बनर्जी ने बागी नेताओं के पार्टी छोड़ने पर बंगाल के लोगों से माफी मांगी। उन्होंने कहा- वह और उनका परिवार पॉलिटिकल सर्वाइल के लिए अपने सिद्धातों से समझौता नहीं करेगा। और इस वजह से ही उन्हें पॉलिटिकल दवाब का सामना करना पड़ रहा है। ममता ने अपने राजनीतिक विरोधियों को लेकर कहा- उन्हें राजनीतिक रुप से धमकाने और खत्म करने की कोशिश की गई।
ममता बनर्जी ने कहा- मुझे कोई नहीं रोक सकता। अगर में 2004 में फिर से शुरुआत कर सकती हूं, तो मैं 2026 में भी फिर से शुरु करूंगी।
ममता अभिषेक को बचाने में जुटीं- मित्रा
ममता बनर्जी का साथ छोड़ TMC के बागी गुट में शामिल होने के बाद मदन मित्रा ने कहा- पार्टी डूब रही है, नाव डूब चुकी है। लोग मर रहे हैं। फिर भी एक आदमी के लिए कहा जा रहा है कि सबको मरने दीजिए, बस अभिषेक को बचाना है। पार्टी सबकी है। ममता दी से निवेदन है कि ये मैराथन है। चलते-चलते मुलाकात होगी। उन्होंने बताया- मैंने सभी पदों से इस्तीफा दे दिया। बस मैं प बंगाल का विधायक हूं। जब बंगाल का इतिहास लिखा जाएगा तो उसमें लिखा जाएगा कि एक आदमी (अभिषेक बनर्जी) के लिए पूरी पार्टी खत्म कर दी गई।

लोकसभा-राज्यसभा से विधानसभा तक टूट
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में मिली हार के बाद ममता बनर्जी की पार्टी बगावत के दौर से गुजर रही है। पहले पार्टी के विधायकों ने ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व में बागी होकर अलग गुट बनाया। इस गुट में करीब 60-65 विधायकों के समर्थन का दावा है। गुट को विधानसभा स्पीकर ने भी मंजूरी दे दी है।
इसके अलावा पार्टी के 20 सांसदों ने भी बागी होकर अलग गुट बनाया। इस गुट ने अपना विलय NCPI में कर लिया और NDA को समर्थन देने का ऐलान किया है। इसके अलावा पार्टी के 3 राज्यसभा सांसदों ने भी TMC से इस्तीफा दे दिया और बीेजेपी में शामिल हो गए।

