PAK आर्मी चीफ नहीं समझेगा बेटा खोने का दर्द: पहलगाम में जान गंवाने वाले नेवी अफसर के पिता बोले- आतंकियों को पकड़ो और खत्म करो
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नेवी में लेफ्टिनेंट विनय नरवाल ने 26 अप्रैल को पहलगाम हमले में अपनी जान गंवा दी थी। वे अपनी पत्नी के साथ वहां घूमने पहुंचे थे।
26 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले में जान गंवाने वाले नेवी अफसर लेफ्टिनेंट विनय नरवाल के पिता का बयान सामने आया है। उनके पिता राजेश नरवाल ने कहा कि पाकिस्तान मिलिट्री चीफ आसिम मुनीर को दर्द तभी समझ आएगा, जब उनके बेटा- बेटी टेररिस्ट अटैक में मारे जाएं। उन्होंने कहा कि आतंकियों को पकड़ो और खत्म करो। उनके लिए इस दुनिया में कोई जगह नहीं होनी चाहिए।
पिता का दर्द- रो तक नहीं पाते
NDTV से बात करते हुए राजेश नरवाल ने कहा कि बेटे की मौत के बाद परिवार का कोई भी सदस्य ठीक से सो नहीं पाता है। हम सभी लोग अभी भी कोमा में है। वह अपनी बेटी, पत्नी और बूढ़े पिता के सामने रो तक नहीं पाते। उन्होंने कहा कि हमले के 5 दिन पहले उनके बेटे की शादी हुई थी। हम सब खुश थे।
पूरे परिवार की खुशियां गम में बदल दीं। उन्होंने कहा कि सुबह उठता हूं तो विनय ही दिखता है। वो हीरो था, उसके अंदर डर नाम की कोई चीज नहीं थी। बचपन से ही उसे फौज की वर्दी देखकर खुशी मिलती थी। हमारा एकलौता बेटा था। जितने दिन भी वो इस दुनिया में रहा बिंदास होकर जिया।
‘दुनिया में जितने भी आंतकी उन्हें मारो’
TRF को आतंकी संगठन घोषित करने पर राजेश नरवाल ने कहा कि TRF लश्कर-ए-तैयबा मुखौटा था। जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 हटने के बाद TRF बनाया था। इस आतंकी संगठन देश के अंदर कई आतंकी घटनाओं में शामिल रहा है। पहलगाम हमले की जिम्मेदारी भी TRF ने ली थी। विनय नरवाल के पिता ने कहा कि भारत सरकार की डिप्लोमेसी कामयाब हुई। सरकार भी आतंकी घटनाओं पर लगातार एक्शन ले ही रही है।
हर आतंकी संगठन पर बैन लगना चाहिए- नरवाल के पिता
उन्होंने कहा कि दुनिया में जितने भी आतंकी संगठन हैं, उन पर बैन लगना चाहिए। नरवाल ने कहा कि आतंकियों पर ऐसा एक्शन लेना चाहिए कि वो सांस भी न ले सकें। मात्र सेंक्शन लगाने से कुछ नहीं होगा। उनके लिए इस दुनिया में कोई जगह नहीं होनी चाहिए। आतंकियों को पकड़ो और खत्म करो। उन्होंने कहा कि आसिम मुनीर को तब दर्द होगा, जब उनके बेटा-बेटी को इस तरह से कोई नुकसान पहुंचाएगा, वो टेररिस्ट अटैक में मारे जाएं। उसकी आंख तभी खुलेगी। तब पता चलेगा कितना दर्द होता है।
पहलगाम आतंकी हमला, जवाब में ऑपरेशन सिंदूर
22 अप्रैल को कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने 22 पुरुषों को मजहब पूछने के बाद गोली मार दी थी। भारत सरकार ने उसी वक्त यह ऐलान कर दिया था कि इस हमले के पीछे पाकिस्तान का हाथ है और इसका तय वक्त पर माकूल जवाब दिया जाएगा।
इसके बाद भारत ने 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च किया। इसमें भारत ने पाकिस्तान में मौजूद 9 आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया। रिपोर्टस के मुताबिक- इसमें करीब 100 आतंकी मारे गए।
ऑपरेशन सिंदूर वैसे तो सिर्फ 23 मिनट चला और इस दौरान इंडियन एयरफोर्स ने पाकिस्तान में स्ट्राइक्स की। हालांकि इसके बाद पाकिस्तान ने जवाबी कार्रवाई करने की कोशिश की। फिर इसका जवाब भारतीय सेना ने दिया और पाकिस्तान के अहम एयरबेसेस को तबाह कर दिया। 4 दिन चले इस ऑपरेशन में स्ट्राइक और काउंटर स्ट्राइक में दोनो तरफ से ड्रोन्स, मिसाइल और लंबी दूरी की मिसाइल का इस्तेमाल किया गया। 10 मई को दोनों देशों के बीच सीजफायर हुआ।

