कांग्रेस नेता पवन खेड़ा के पास दो वोटर आईडी कार्ड: चुनाव आयोग ने भेजा नोटिस, BJP बोली- राहुल के करीबी वोट धांधली में शामिल
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पवन खेड़ा के पास जंगपुरा और नई दिल्ली विधानसभा का वोटर आईडी कार्ड
चुनाव आयोग ने कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को दो वोटर आईडी कार्ड रखने के मामले में नोटिस भेजा है। EC ने बीजेपी के आरोपों के बाद ये कदम उठाया। इससे पहले बीजेपी ने खेड़ा पर दिल्ली की दो विधानसभाओं में वोट बनवाने का आरोप लगाया था।
डिस्ट्रिक्ट इलेक्शन ऑफिस नई दिल्ली के मुताबिक, पवन खेड़ा का नाम जंगपुरा और नई दिल्ली विधानसभाओं में हैं। उन्हें जनप्रतिनिधित्व कानून 1950 के सेक्शन 17 और 18 के तहत नोटिस भेजा गया है। इसके तहत एक व्यक्ति के एक से अधिक विधानसभा या एक विधानसभा में एक से अधिक बार वोटर रजिस्ट्रेशन कराने पर रोक है।
EC ने 8 सितंबर तक मांगा जवाब
चुनाव कानून के तहत, एक से ज्यादा एक्टिव वोटर आईडी कार्ड रखने पर एक साल तक की कैद या जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं। चुनाव आयोग ने कहा है कि अगर खेड़ा जवाब नहीं देते तो उनपर कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। खेड़ा को 8 सितंबर तक इस पर जवाब देना है।
पवन खेड़ा असली चोर- BJP
BJP प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के मीडिया हेड पवन खेड़ा के पास दो एपिक नंबर हैं। पहला- XHC1992338, जो विधानसभा जंगपुरा का है और दूसरा SJE0755967, जो विधानसभा 40 का है। उन्होंने कहा, राहुल गांधी के करीबी वोट धांधली में संलिप्त हैं। Representation of Peoples Act 1951, Section 62, Subclause 2 ये कहता है कि कोई भी व्यक्ति एक से ज्यादा विधानसभा में वोट नहीं डाल सकता है। राहुल गांधी की पार्टी के मीडिया हेड पवन खेड़ा असली चोर हैं।
बीजेपी आईटी सेल के हेड अमित मालवीय ने भी पवन खेड़ा के दो एपिक नंबर शेयर किए। उन्होंने लिखा, राहुल गांधी लगातार 'वोट चोरी' का आरोप लगाते हैं। जबकि कांग्रेस के नेता खुद चुनावी नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं। उन्होंने कहा, सोनिया गांधी ने भी भारतीय नागरिक बनने से पहले ही वोटर लिस्ट में अपना नाम दर्ज करा लिया था। मालवीय ने कहा, यह चुनाव आयोग की जिम्मेदारी है कि वह जांच करे कि पवन खेड़ा के पास दो एक्टिव EPIC नंबर कैसे हैं और क्या उन्होंने एक से अधिक बार वोट भी डाला।
पवन खेड़ा ने दी आरोपों पर सफाई
बीजेपी के दावों पर पवन खेड़ा ने कहा, कांग्रेस यही तो सवाल उठा रही है। चुनाव आयोग की प्रक्रिया और कार्यशैली पर। गोली अमित मालवीय चलाने की कोशिश करते हैं कांग्रेस पर लेकिन लग जाती है चुनाव आयोग पर। हम भी चुनाव आयोग से जानना चाहते हैं कि ये लिस्ट बीजेपी और चुनाव आयोग के पास है। कांग्रेस मांगती रहती है, लेकिन देते नहीं है। हमें बीजेपी से पता चलता है कि हमारे नाम कहां कहां हैं।
उन्होंने कहा, मैं चुनाव आयोग से पूछना चाहता हूं कि मेरे नाम पर किससे वोट डलवाया जा रहा है। मुझे सीसीटीवी फुटेज चाहिए। मेरा नाम वहां अभी तक क्यों है। मैं 2016 में वहां से शिफ्ट किया, मैंने नाम कटवाने की पूरी प्रक्रिया पूरी की। लेकिन अभी तक मेरा नाम क्यों नहीं काटा गया। इसी बात को राहुल गांधी 7 अगस्त से अभी तक पूछ रहे हैं। उन्होंने कहा, हर विधानसभा में ऐसे सैकड़ों-हजारों नाम हैं।

