दो राज्यों की पुलिस आमने-सामने: दिल्ली पुलिस ने हिमाचल पुलिस पर केस दर्ज कराया, कांग्रेस के यूथ लीडर की कस्टडी को लेकर उलझी
Published:
2 min read

नेशनल डेस्क। शनिवार को हिमाचल प्रदेश में दिल्ली पुलिस और हिमाचल पुलिस आपस में ही उलझ गया। मामला तीन इंडियन यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं की हिरासत से जुड़ा है। दिल्ली पुलिस उन्हें एआई इम्पैक्ट समिट विरोध केस में दिल्ली ले जा रही थी। हिमाचल पुलिस ने शोगी बैरियर पर गाड़ी रोक दी। कहा, बिना ट्रांजिट रिमांड राज्य से बाहर नहीं ले जा सकते। यहीं से बहस तेज हुई। मामला हाईवे से कोर्ट तक पहुंच गया।
शिमला से हिरासत पर सवाल
हिमाचल पुलिस का आरोप है कि दिल्ली पुलिस ने शिमला में बिना जानकारी दिए एक्शन लिया। लोकल पुलिस को भरोसे में नहीं लिया गया। इसी आधार पर आपत्ति दर्ज कराई गई। शिमला पुलिस ने चिरगांव थाने में FIR दर्ज कर दी। आरोप है कि कांग्रेस यूथ लीडर्स को कस्टडी में लेने के नियमों के खिलाफ एक्शन लिया गया। वहीं, दिल्ली पुलिस का कहना है कि गिरफ्तारी बिल्कुल कानूनी तरीके से की गई। दोनों पक्ष अपने अपने दावे पर अड़े रहे।
हिमाचल पुलिस ने FIR दर्ज की
FIR में दावा है कि 15 से 20 लोग सादे कपड़ों में मंडली के चांसल रिसॉर्ट पहुंचे। वहां ठहरे तीन लोगों को जबरन साथ ले जाया गया। पुलिस ने कहा, रिसॉर्ट का सीसीटीवी डीवीआर भी हटाया गया। कोई लिखित दस्तावेज नहीं दिया गया। गाड़ी भी साथ ले जाने का आरोप है। हिमाचल पुलिस ने कहा कि यह कानून का उल्लंघन है। इसी आधार पर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।
दोनों राज्यों की पुलिस की नोंकझोंक
हाईवे पर दोनों राज्यों की पुलिस में नोकझोंक हुई। वीडियो में दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल के ACP राहुल विक्रम कहते दिखे, हमने गिरफ्तारी की है, आप सरकारी काम रोक रहे हैं। जवाब में हिमाचल पुलिस के अफसर ने कहा- हमने आपके खिलाफ केस दर्ज किया है, आप जांच में शामिल हों। कुछ समय के लिए दिल्ली पुलिस कर्मियों को रोके जाने की भी खबर है।
एआई इम्पैक्ट समिट से जुड़ा है मामला
पूरा विवाद एआई इम्पैक्ट समिट से जुड़ा है। भारत मंडपम में चार इंडियन यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध किया था। उन्होंने सरकार और इंडिया यूएस ट्रेड डील के खिलाफ नारे लिखी टी शर्ट दिखाईं। इसे शर्टलेस प्रोटेस्ट बताया गया। सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें बाहर निकाला। उसी केस में शिमला से तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है।

