'राष्ट्रपति PM को हटा सकता है क्या': PM-CM को हटाने वाले बिल पर ओवैसी का तंज; पूछा- स्वतंत्रता कहां है?
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AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने कहा- किसी राज्य में 4-5 मंत्रियों की गिरफ्तारी के बाद सरकार गिर जाएगी।
AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्र सरकार के PM-CM और मंत्रियों की 30 दिन की गिरफ्तारी के बाद हटाने के नए बिल पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता कहां है? आप ही उन्हें कन्ट्रोल करेंगे। क्या राष्ट्रपति वास्तव में PM को इस्तीफा दिलवा सकता है? उन्होंने संविधान का जिक्र करते हुए कहा कि नए बिल के प्रावधान संविधान के आर्टिकल के खिलाफ हैं।
राष्ट्रपति PM को कैसे हटा सकता,ये क्या है?
न्यूज एजेंसी PTI से बात करते हुए हैदराबाद सांसद ओवैसी ने कहा कि संविधान में कहा गया कि राष्ट्रपति को काउंसिल मिनिस्टर्स सलाह देंगे। लेकिन अभी जो बिल पेश किया गया है उसमें कहा गया है कि राष्ट्रपति PM को हटा सकता है। ये क्या है? ये संविधान के खिलाफ है। ओवैसी ने कहा- PM या CM या मंत्री जिन पर गंभीर आरोप हैं और जो 30 दिनों तक लगातार पुलिस हिरासत में रहे हैं। उन्हें पद से हटा दिया जाएगा। यह बिल शक्ति के सेपरेशन प्रिंसिपल का उल्लंघन करता है।
'स्वतंत्रता कहां है? आप ही उन्हें कन्ट्रोल करेंगे'
AIMIM प्रमुख ने कहा कि अगर केंद्र सरकार किसी राज्य के 4 से 5 मंत्रियों को अरेस्ट करती है तो सरकार अपने आप ही गिर जाएगी। उन्होंने आगे कहा- स्वतंत्रता कहां है? आप ही उन्हें कन्ट्रोल करेंगे, सिर्फ चार या पांच मंत्रियों को गिरफ्तार कर लीजिए और सरकार गिर जाएगी।
केंद्र सरकार एक पुलिस राज्य बनाना चाहती
ओवैसी ने पिछले हफ्ते संसद में विधेयक पेश होने के दौरान कहा कि ये विधेयक पावर के सेपरेशन प्रिंसिपल का उल्लंघन करता है। सरकार चुनने के अधिकार को कमजोर करता है। सरकार एक पुलिस राज्य बनाना चाहती है और ये विधेयक इलेक्टेड गवर्नमेंट के लिए मौत की घंटी होगी।
क्या है बिल
संसद मानसून सत्र के अंतिम दिन यानी 21 अगस्त को तीन अहम बिल पेश किए गए। इनमें से एक बिल 130वां संविधान संशोधन के तहत PM-CM और मंत्रियों को हटाने के लिए लाया गया। इस बिल में केंद्र और राज्य के उन मंत्रियों को हटाने का प्रावधान है जो किसी गंभीर अपराधिक आरोप या भ्रष्टाचार के मामले में कम से कम 30 दिन तक पुलिस हिरासत में या गिरफ्तार किए गए हों। इस विधेयक से संविधान के अनुच्छेद 75 में संशोधन किया जाएगा।

