राफेल पर पाकिस्तान के झूठ का पर्दाफाश: IAF के डॉक्यूमेंट में खुलासा- सभी 36 राफेल ऑपरेशनल; ऑपरेशन सिंदूर में जेट गिराने का दावा किया था
Published:
3 min read

राफेल की टॉप स्पीड 1.8 Mach (लगभग 2,222 किमी/घंटा) है, जो 3700 किलोमीटर तक कॉम्बैट रेडियस के साथ हमला कर सकता है।
इंटरनेशनल डेस्क. भारतीय वायुसेना (IAF) ने राफेल फाइटर जेट को लेकर किए गए पाकिस्तान के दावों को झूठा साबित कर दिया। पाकिस्तान लंबे समय से ऑपरेशन सिंदूर के दौरान राफेल को मार गिराने की बात करता रहा है। अब IAF के एक डॉक्यूमेंट में बताया गया कि एयरफोर्स अभी भी अपने सभी 36 राफेल फाइटर जेट्स के मेंटेनेंस और ऑपरेशन के प्लान पर काम कर रही है।
ब्रिज सपोर्ट कॉन्ट्रैक्ट की मांग की
NDTV की रिपोर्ट के मुताबिक, एयर हेडक्वार्टर के डायरेक्टरेट ऑफ इंजीनियरिंग (राफेल) ने 15 जून को एक रिक्वेस्ट फाॅर प्रपोजल (RFP) जारी किया है। यह RFP फ्रांस की इंजन बनाने वाली कंपनी सफ्रान एयरक्राफ्ट इंजन्स को भेजा गया है। इसमें सितंबर 2026 के बाद राफेल विमानों के लिए ब्रिज सपोर्ट कॉन्ट्रैक्ट की मांग की गई है।

डॉक्यूमेंट में क्या लिखा
RFP में कहा गया है कि IAF 36 राफेल फाइटर जेट के बेड़े का संचालन कर रही है। रखरखाव, सपोर्ट और फ्लाइंग ऑवर्स की पूरी काउंटिंग भी 36 जेट्स के आधार पर की गई है। एयरफोर्स ने कंपनियों से कहा है कि वे 36 राफेल के लिए सपोर्ट प्लान दें। डॉक्यूमेंट के मुताबिक, हर प्लेन सालाना 150 घंटे उड़ान भरता है।
2250 फ्लाइंग ऑवर्स का हिसाब
डॉक्यूमेंट में पांच महीने के लिए कुल 2250 फ्लाइंग ऑवर्स की जरूरत बताई गई है। RFP में कहा गया है, 36 विमान x 12.5 फ्लाइंग ऑवर्स प्रति माह x 5 महीने के हिसाब से कुल 2250 फ्लाइंग ऑवर्स की आवश्यकता होगी।

पुराना मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने वाला
डॉक्यूमेंट के मुताबिक, 2016 में फ्रांस के साथ हुए इंटर-गवर्नमेंटल एग्रीमेंट के तहत राफेल जेट्स के लिए पांच साल का मेंटेनेंस पैकेज भी शामिल था। इस पैकेज में स्पेयर पार्ट्स, जरूरी सामान, सपोर्ट सिस्टम और अन्य संसाधन शामिल थे। अब यह खत्म होने वाली है। इसी वजह से एयरफोर्स अंतरिम व्यवस्था करने की प्रक्रिया शुरू कर चुकी है, ताकि राफेल बेड़े का ऑपरेशन बिना किसी रुकावट के जारी रह सके।
पाकिस्तान क्या दावा करता रहा है
पाकिस्तान ने मई 2025 में ऑपरेशन सिंदूर के बाद कई बार आधिकारिक बयानों और सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दावा किया था कि उसने भारतीय राफेल जेट्स को मार गिराया है। भारत लगातार इन दावों को झूठ और प्रोपेगेंडा बताता रहा है।

114 नए फाइटर जेट खरीदने की तैयारी
अब भारत 114 नए फाइटर जेट खरीदने के प्लान पर आगे बढ़ रहा है। यह खरीद Multi-Role Fighter Aircraft (MRFA) प्रोग्राम के तहत की जानी है। इस रेस में फ्रांस की कंपनी Dassault Aviation का राफेल भी प्रमुख दावेदारों में शामिल है। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के बीच हुई बातचीत में भी इस प्रस्तावित डील पर चर्चा हुई थी।
18 फ्रांस से आएंगे, बाकी भारत में बनेंगे
मौजूदा प्रस्ताव के मुताबिक 114 में से 18 विमान सीधे फ्रांस से खरीदे जाएंगे। बाकी जेट्स को भारत में बनाया जाएगा। इसमें सरकार की 'मेक इन इंडिया' पहल के तहत भारतीय कंपनियों की भी भागीदारी होगी।

