केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा: प्रह्लाद जोशी को जिम्मेदारी; CJP चीफ दीपके बोले- हमने कर दिखाया
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धर्मेंद्र प्रधान जुलाई 2021 से देश के शिक्षा मंत्री थे
नेशनल डेस्क. NEET पेपर लीक को लेकर चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है। प्रधान की जगह प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। अभी जोशी खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण, ऊर्जा और उपभोक्ता मामलों के मंत्री हैं।
दरअसल, सरकार के साथ शुक्रवार को दूसरे राउंड की बैठक में CJP ने सरकार के सामने तीन मांगें रखी थीं। CJP का कहना था कि उन्हें धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से कम कुछ भी मंजूर नहीं है। CJP की इस मांग पर स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने आज दोपहर तक का वक्त मांगा था। इसके अलावा CJP की दो अन्य मांगों- आत्महत्या करने वाले NEET स्टूडेंट्स के परिजनों को 1-1 करोड़ रुपए का मुआवजा और 20 जुलाई के प्रदर्शन के दौरान स्टूडेंट्स पर FIR वापस लेने पर सरकार ने सहमति जता दी थी।
प्रधान के इस्तीफे पर क्या बोले दीपके
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा- डरने की कोई जरूरत नहीं है। यह लोकतंत्र है। उन्होंने इस्तीफा दे दिया है, लेकिन हमारी दो और मांगें हैं। हम ऐसे ही नहीं जाएंगे। धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है। लेकिन आत्महत्या करने वाले बच्चों के परिवारों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा मिलना चाहिए। और दूसरी मांग यह है कि 20 जुलाई को मार्च के दौरान हमारे स्टूडेंट्स पर जो FIR दर्ज हुई हैं, वो वापस ली जाएं।
मोदी कार्यकाल में 5 साल शिक्षा मंत्री रहने वाले पहले नेता
पीएम मोदी 2014 में पहली बार पीएम बने थे। उनके पीएम बनने के बाद से अब तक 12 साल के कार्यकाल में 4 शिक्षा मंत्री बने। लेकिन धर्मेद्र प्रधान अकेले ऐसे नेता हैं, जो 5 साल से ज्यादा समय तक शिक्षा मंत्री रहे।

धर्मेंद्र प्रधान ने क्या कहा?
धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर युवाओं को संबोधित करते हुए दो पेज का लेटर भी शेयर किया। इसमें उन्होंने लिखा- जंतर-मंतर पर और देश में जो स्थिति बनी है, इस स्थिति का राष्ट्र विरोधी ताकतें लाभ न उठाएं और देश की एकता बनी रहे, भारत के एक भी स्टूडेंट का भविष्य कानूनी पेचीदगियों में न उलझे, हमारे बच्चे अपना समय पढ़ाई में लगाएं। करियर बनाने में फोकस करें। इसी बात पर विचार करते हुए मैंने अपना इस्तीफा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेज दिया है।


NEET पेपर लीक को लेकर देशभर में प्रदर्शन
दरअसल, 3 मई को NEET-UG का एग्जाम हुआ था। पेपर लीक होने के बाद इसे रद्द कर दिया गया था। इसके बाद 21 जून को यह परीक्षा कराई गई। हालांकि, इसे लेकर CJP जंतर-मंतर पर पिछले 1 महीने से ज्यादा वक्त से विरोध प्रदर्शन कर रही है और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रही थी। सोनम वांगचुक ने भी इसी मुद्दे पर 26 दिन का अनशन किया था।



