टीम इंडिया जीती, लेकिन सेमी से पहले सुधार जरूरी: टूर्नामेंट में अब तक 10 कैच छोड़े, कमजोर फील्डिंग से एक्स्ट्रा रन दिए
Published:
3 min read

स्पोर्ट्स डेस्क. टीम इंडिया ने वेस्टइंडीज को हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। जीत के बाद भी टीम की फील्डिंग की गलतियां साफ दिखीं। खिलाड़ियों ने अहम मैच में आसान मौके गंवाए। टीम इंडिया इस टूर्नामेंट में अब तक 10 कैच छोड़ चुकी है। सेमीफइनल से पहले ये स्टेटिस्टिक परेशान करने वाले हैं ।
मिस फील्डिंग सिरदर्द
मैच के दौरान भारतीय खिलाड़ियों ने 3 कैच छोड़े। अभिषेक शर्मा ने 2 आसान कैच छोड़े। तिलक ने एक कैच छोड़ा। इसके अलावा तीसरे ओवर में एक आसान रन-आउट का मौका भी छूट गया। वरुण चक्रवर्ती ने गलत एंड पर थ्रो किया, जिससे रोस्टन चेस बच निकले। कुछ प्लेयर्स ने मिसफील्डिंग के कारण एक्स्ट्रा रन भी दिए।

वेस्टइंडीज के खिलाफ 3 कैच ड्रॉप
18.3 ओवर: अर्शदीप सिंह ने रोवमैन पॉवेल को फुल-लेंथ गेंद फेंकी। पॉवेल ने गेंद को फ्लिक किया, लेकिन मिसटाइम कर गए। गेंद बैट के किनारे से निकल गई। अभिषेक शर्मा डीप मिडविकेट से दौड़ते हुए आए। उन्होंने डाइव लगाई और दोनों हाथों का इस्तेमाल किया, लेकिन कैच छूट गया।
12.1 ओवर: शेरफेन रदरफोर्ड ने अक्षर पटेल की बॉल पर बड़ा शॉट खेला। बॉल ऊंची चली गई। तिलक वर्मा बाउंड्री की तरफ दौड़े और बॉल पकड़ने की कोशिश की, लेकिन गेंद उंगलियों को छूते हुए रस्सी के पार चली गई। यह एक फ्लैट बॉल थी। रदरफोर्ड ने इसे मिडविकेट के ऊपर से छक्का मार दिया।
4.5 ओवर: जसप्रीत बुमराह की स्लोअर गेंद पर रोस्टन चेज ने शॉट लगाया। गेंद ऊंची हवा में चली गई। एक्स्ट्रा कवर पर खड़े अभिषेक शर्मा के पास आसान मौका था। उन्होंने दोनों हाथ लगाए, लेकिन कैच छूट गया। भारतीय डगआउट खुश नहीं दिखा। बुमराह ने ज्यादा रिएक्ट नहीं किया और अपनी जगह लौट गए।

इंडिया ने अब तक इस तरह कैच छोड़े
USA, नामीबिया और साउथ अफ्रीका के खिलाफ भारतीय खिलाड़ियों ने एक भी कैच नहीं छोड़ा। इन 3 मैच में फील्डिंग बिल्कुल सटीक थी। टीम को इसका फायदा मिला।
पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबले में तस्वीर अलग दिखी। इस मैच में भारत ने 4 कैच छोड़े।
वेस्टइंडीज के खिलाफ फील्डिंग भी परफेक्ट नहीं थी। इस मैच में 3 कैच छूटे।
जिम्बाब्वे के खिलाफ 1 कैच छूटा। नीदरलैंड्स के खिलाफ 2 मौके गंवाए।
वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा कैच ड्रॉप
टीम इंडिया ने इस टूर्नामेंट में अब तक 10 कैच छोड़े हैं। टीम की कैचिंग एफिशिएंसी लगभग 71% है, जिसे सुपर 8 टीम में सबसे कमजोर है। सेमीफइनल से पहले ये स्टेटिस्टिक परेशान करने वाले हैं ।

संजू के बाकी बैटर फ्लॉप
संजू सैमसन ने 50 बॉल पर नाबाद 97 रन बनाकर मैच जिताया। कोई और बैट्समैन लंबी इनिंग नहीं खेल सका। अभिषेक शर्मा और ईशान किशन दोनों ने 10-10 रन बनाए। सूर्यकुमार यादव 18 रन बनाकर आउट हुए। तिलक वर्मा ने 27 रन बनाए । हार्दिक पांड्या सिर्फ 11 और शिवम दुबे 8 रन ही बना पाए।
मिडिल ऑर्डर का हाल बेहाल
पूरे टूर्नामेंट में भारत की बैटिंग में कोई खास बदलाव नहीं आया है। साउथ अफ्रीका के खिलाफ टीम पूरी तरह से लड़खड़ा गई। बैट्समैन स्पिन के खिलाफ स्ट्रगल कर रहे हैं। सेमीफाइनल से पहले कप्तान सूर्यकुमार यादव और कोच गौतम गंभीर के लिए ये बड़ी टेंशन है।

5 मार्च को सेमीफाइनल-2
अब फोकस सेमीफाइनल पर है। भारत का सेमीफाइनल मैच इंग्लैंड के खिलाफ 5 मार्च को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाएगा। अगर टीम को फाइनल में पहुंचना है तो फील्डिंग और मिडिल ऑर्डर दोनों में सुधार जरूरी है।

