1 अप्रैल से बदलेंगे इनकम टैक्स के नियम: HRA से लेकर ITR में बड़े बदलाव, जानिए आपकी सैलरी और टैक्स पर क्या असर पड़ेगा
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वित्त मंत्रालय ने इनकम टैक्स रूल्स 2026 नोटिफाई कर दिए हैं। सरकार ने एजुकेशन अलाउंस को बढ़ाकर 3000 रुपए कर दिया है। (फोटो सोर्स- फ्रीपिक)
बिजनेस डेस्क। वित्त मंत्रालय ने इनकम टैक्स के नए नियमों का ऐलान कर दिया है। ये बदलाव 1 अप्रैल 2026 से लागू होने जा रहे हैं। सबसे बड़ी बात यह है कि 1961 से चला रहा पुराना इनकम टैक्स कानून अब इतिहास बन जाएगा। उसकी जगह 'इनकम टैक्स एक्ट 2025' लेगा। इन नए नियमों का सीधा असर आपकी जेब और टैक्स भरने के तरीके पर पड़ेगा। आइए इसे आसान भाषा में समझते हैं...
इनकम टैक्स के नए नियम 2026
सरकार ने टैक्स सिस्टम को सरल बनाने के लिए बड़े कदम उठाए हैं। अब कागजी कार्रवाई कम हो जाएगी। पहले 399 टैक्स नियम थे। जिन्हें घटाकर अब 190 कर दिया गया है। इसी तरह टैक्स फॉर्म की संख्या 511 से घटाकर 333 कर दी गई है।
- अब सभी फॉर्म एक जैसे दिखेंगे। उन्हें पढ़ना आसान होगा। इनमें आपकी जानकारी पहले से भरी हुई आएगी। वहीं, टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया है। पुराने रेट्स ही चलते रहेंगे।
- अगर आप ITR-3 या ITR-4 भरते हैं और आपका ऑडिट नहीं होता है। तो 31 अगस्त तक रिटर्न भर सकते हैं। हालांकि ITR-1 और ITR-2 के लिए लास्ट डेट अभी भी 31 जुलाई है।

आपके लिए क्या बदलेगा
अब बात करते हैं उन बदलावों की जो सीधे आपकी जेब और रोजमर्रा की जिंदगी पर असर डालेंगे...
मील कार्ड पर टैक्स में छूट
अब ऑफिस से मिलने वाले मील कार्ड पर 200 रुपए प्रति मील तक कोई टैक्स नहीं लगेगा। पहले यह लिमिट 50 रुपए थी। यह फायदा सिर्फ ओल्ड टैक्स रिजीम में मिलेगा।
बच्चों की पढ़ाई और हॉस्टल का खर्च
सरकार ने बच्चों के पढ़ाई के लिए मिलने वाले अलाउंस में बढ़ोतरी की है।
- एजुकेशन अलाउंस: पहले सिर्फ 100 रुपए महीना मिलता था। इसे बढ़ाकर 3,000 रुपए कर दिया गया है।
- हॉस्टल खर्च: पहले 300 रुपए महीना था, जो अब बढ़कर 9,000 रुपए हो गया है।

मकान किराया (HRA) में फायदा
अब तक सिर्फ दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई को मेट्रो शहर माना जाता था। जहां 50% HRA की छूट मिलती थी। अब इस लिस्ट में बेंगलुरु, अहमदाबाद, हैदराबाद और पुणे को जोड़ दिया गया है। इन शहरों में रहने वालों को अब ज्यादा टैक्स छूट मिलेगी। यह नियम ओल्ड टैक्स रिजीम पर लागू होगा।
ऑफिस की कार और अन्य फायदे
अगर आपको ऑफिस से कार मिली है, तो 1.6 लीटर इंजन तक की गाड़ी पर 8,000 रुपए और बड़ी कार पर 10,000 रुपए प्रति महीना टैक्स लगेगा। यह नियम नई और पुरानी टैक्स व्यवस्थाओं पर लागू होगा।
ऑफिस से मिलने वाले 15,000 रुपए तक के सालना गिफ्ट वाउचर पर अब कोई टैक्स नहीं देना होगा।
अगर कंपनी आपको बिना ब्याज या कम ब्याज पर लोन देती है, तो SBI के रेट और आपके रेट के बीच के अंतर पर टैक्स लगेगा। हालांकि 2 लाख तक का लोन टैक्स फ्री रहेगा। मेडिकल इमरजेंसी के लिए गए लोन पर कोई टैक्स नहीं है।
शेयर बाजार और अन्य निवेश पर असर
फ्यूचर्स पर टैक्स 0.02% से बढ़ाकर 0.05% कर दिया गया है। वहीं, ऑप्शंस पर यह 0.1% से बढ़कर 0.15% हो गया है। अगर कोई कंपनी अपने शेयर वापस खरीदती है, तो मिलने वाले पैसे पर कैपिटल गेन टैक्स लगेगा। प्रमोटर्स को भी इस पर अलग से टैक्स देना होगा।
विदेश यात्रा और खरीदारी
सरकार ने विदेश पैसे भेजने और घूमने पर लगने वाले टैक्स को आसान बनाया है। विदेश टूर पैकेज पर अब 2% टैक्स लगेगा। पहले यह 5% से 20% के बीच था। अगर पढ़ाई या इलाज के लिए पैसे भेजते हैं, तो टैक्स 5% से घटाकर 2% कर दिया गया है।
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