मिडिल ईस्ट तनाव: मॉर्गन स्टेनली ने भारतीय शेयर बाजार की रेटिंग को घटाया; विदेश निवेशकों ने पैसा निकालना शुरू किया
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ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबित, ग्लोबल इन्वेस्टर्स एशियाई बाजारों से अपना पैसा निकाल रहे हैं। (फोटो सोर्स- कैनवा)
बिजनेस डेस्क। अमेरिका-इजराइल और ईरान युद्ध के कारण वैश्विक निवेशकों की टेंशन बढ़ती जा रही है। इस बीच ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म मॉर्गन स्टेनली (Morgan Stanley) ने एशियाई शेयर मार्केट को लेकर सतर्क रुख अपनाया है। कंपनी ने भारत समेत एशियाई बाजारों की रेटिंग बदल दी है।
मॉर्गन स्टेनली का मानना है कि अगर मिडिल ईस्ट से ऑयल और गैस की सप्लाई प्रभावित होती है, तो इसका असर एशिया की इकोनॉमी और शेयर मार्केट पर दिखाई दे सकता है। इस वजह से ब्रोकरेज फर्म ने भारतीय शेयर बाजार की रेटिंग 'ओवरवेट' से घटाकर 'इक्वल-वेट' कर दी है।
ऑयल सप्लाई बाधित होने का डर, एशिया के लिए बड़ा जोखिम
मॉर्गन स्टेनली के स्ट्रैटैजिस्ट डेनियन ब्लेक और जोनाथन गार्नर ने 5 मार्च की एक रिपोर्ट में कहा, 'एशिया की इकोनॉमी अब भी मिडिल ईस्ट से आने वाले क्रूड ऑयल, रिफाइंड प्रोडक्ट्स और LNG पर निर्भर है।' उनका कहना है कि फिलहाल मार्केट इन सप्लाई जोखिमों को गंभीरता से नहीं ले रहा है।
ब्रोकरेज फर्म के मुताबिक, एशिया में भारत कतर से आने वाली LPG सप्लाई पर सबसे ज्यादा निर्भर देशों में से एक है। अगर मिडिल ईस्ट तनाव बढ़ता है और गैस की सप्लाई प्रभावित होती है, तो भारत की ऊर्जा जरूरतों पर सीधा असर पड़ सकता है।
होर्मुज जलडमरूमध्य में रुकावट से बढ़ सकती हैं तेल-गैस की कीमतें
रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका-ईरान संघर्ष के कारण होर्मुज जलमडरूमध्य सबसे बड़ा चिंता का कारण बना हुआ है। यह वही समुद्री रास्ता है, जहां से दुनिया के 20% क्रूड ऑयल की सप्लाई गुजरती है। अगर यहां लंबे समय तक रुकावट रही, तो ऑयल और LNG की कीमतें बढ़ सकती हैं।
विदेशी निवेशकों का एशियाई बाजारों से विड्रॉल शुरू
वहीं, ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, वॉर शुरू होने के बाद से विदेशी निवेशक एशिया बाजारों से पैसा निकालने लगे हैं। भारत से अब तक करीब 1.3 अरब डॉलर की फॉरेन इन्वेस्टमेंट विड्रॉल हो चुका है।
टेक्नोलॉजी पर निर्भर बाजारों में इससे भी बड़ी गिरावट देखने को मिली है। इस सप्ताह ताइवान से करीब 7.9 अरब डॉलर और साउथ कोरिया से 1.6 अरब डॉलर की निकासी हो चुकी है। मॉर्गन स्टेनली के एनालिस्ट का कहना है कि फिलहाल AI सेक्टर और टेक कंपनियों के हाई वैल्यूएशन को लेकर निवेशक सतर्क रहे।
मॉर्गन स्टेनली ने इन देशों की रेटिंग बदली
अपनी नई रिपोर्ट में ब्रोकरेज फर्म ने दूसरे बाजारों की रेटिंग में बदलाव किया है। UAE की रेटिंग ओवरवेट से घटाकर इक्वल-वेट कर दी है। ताइवान और सऊदी अरब को अंडरवेट से अपग्रेड कर इक्वल-वेट कर दिया है। इसके अलावा साउथ कोरिया को इक्वल-वेट पर ही बरकरार रखा है। वहीं, जापान और सिंगापुर को ओवरवेट कैटेगरी में रखा गया है।
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