सुकन्या समृद्धि योजना-1858: 250 रुपए से खोल सकते हैं सेविंग अकाउंट, 8% से ज्यादा मिल रहा ब्याज
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बेटी के 18 वर्ष की होने पर शिक्षा के लिए 50% राशि निकाली जा सकती है। (फोटो सोर्स- कैनवा)
बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत केंद्र सरकार कई तरह की योजनाएं चला रही है। 2015 में भी एक स्कीम शुरू हुई, 'सुकन्या समृद्धि योजना'। इसमें पेरेंट्स, गार्जियन अपनी बेटी का किसी कमर्शियल बैंक या पोस्ट ऑफिस में 250 रुपए से सेविंग अकाउंट खुलवा सकते हैं। योजना के तहत अभी 8.2% सालाना ब्याज दिया जा रहा है।
अकाउंट ओपनिंग के लिए एलिजिबिलिटी
10 साल से कम उम्र की बच्चियां ही अकाउंट ओपन करवाने के लिए एलिजिबल होंगी। गार्जियन अपनी बेटी का एक ही खाता खुलवा सकते हैं। एक परिवार दो बेटियों के लिए ही इस स्कीम का फायदा ले सकते हैं। हालांकि अगर जुड़वां बच्चियां हैं तो इस कंडीशन में तीन खाते खुलवा सकते हैं।
उदाहरण से समझिए- मान लीजिए आपके घर में दो जुड़वा बेटियां हुईं। आपने उनका खाता खुलवा दिया। फिर कुछ साल बाद एक बेटी और हो गई तो आप सुकन्या समृद्धि योजना के तहत उसका भी अकाउंट खुलवा सकते हैं। इसके लिए बैंक में प्रूफ के तौर पर एफिडेविट और बर्थ सर्टिफिकेट जमा करना होगा।
अकाउंट में डिपॉजिट लिमिट
फाइनेंशियल ईयर के दौरान अकाउंट में डिपॉजिट अमाउंट 1 लाख 50 हजार रुपए से ज्यादा नहीं होना चाहिए। अगर अकाउंटिंग एरर की वजह से ज्यादा पैसा जमा हो गया तो उसका ब्याज नहीं मिलेगा। साथ ही वो एक्सट्रा अमाउंट तत्काल आपको वापस कर दिया जाएगा। वहीं बैंक या पोस्ट ऑफिस से इंटरेस्ट फाइनेंशियल ईयर के अंत में मिलेगा ।
जैसे मान लीजिए आप हर महीने 12,500 रुपए इंवेस्ट कर रहे हैं। साल के 1 लाख 50 हजार रुपए हुए। इसी तरह 15 साल में कुल निवेश 22 लाख 50 हजार रुपए का हुआ। स्कीम में अभी सालाना 8.2% ब्याज मिल रहा है, तो इस हिसाब से 46,77,578 रुपए ब्याज मिलेगा। कुल जमा पैसा और इंटरेस्ट मिलाकर आपको टोटल 69,27,578 रुपए मिलेंगे।
डिफॉल्ट होने पर लगेगी पेनल्टी
अकाउंट खुलने की तारीख से लेकर 15 साल तक ही पैसा जमा कर सकते हैं। किश्त नहीं भरने या किसी भी तरह की चूक होने पर सालाना 50 रुपए पेनल्टी लगेगी। इसमें एक फायदा मिलेगा कि पेनल्टी 15 साल पूरे होने के बीच में कभी भी दे सकते हैं।
अकाउंट कौन मैनेज करेगा
उम्र 18 साल होने तक पेरेंट्स ही अकाउंट मैनेज करेंगे। 18 साल उम्र होने के बाद अकाउंट होल्डर प्रूफ के तौर पर डॉक्यूमेंट्स जमा करके खुद अकाउंट चला सकते हैं। अगर खाताधारक की डेथ हो जाती है, तो खाता तुरंत बंद कर दिया जाएगा। अकाउंट में जमा पैसा और करंट इंटरेस्ट पर ब्याज गार्जियन को दे दिया जाएगा।
गार्जियन की डेथ होने पर भी अकाउंट होल्डर खाता बंद कर सकते हैं। लेकिन इसके लिए अकाउंट कम से कम पांच साल का होना चाहिए। प्रोसेस के लिए जरूरी डॉक्यूमेंट्स देना होगा। इस कंडीशन में भी वेरिफिकेशन के बाद डिपॉजिट और इंटरेस्ट दिया जाएगा।
विड्रॉल कब कर सकते हैं पैसा
बेटी के 10वीं पास करने या 18 साल की होने पर पेरेंट्स पढ़ाई के लिए 50% पैसा निकाल सकते हैं। प्रूफ के लिए फीस स्लिप या एडमिशन से जुड़े डॉक्यूमेंट्स देना होगा।
मैच्योरिटी कब क्लोज करेंगे
21 साल बाद मैच्योरिटी क्लोज होगी। यानि कि आप डिपॉजिट तो केवल 15 साल तक ही जमा करेंगे। लेकिन पूरा पैसा 21 साल बाद ही निकाल पाएंगे।
हालांकि अकाउंट होल्डर को शादी के लिए फंड चाहिए तो 21 साल से पहले भी पूरा पैसा डेबिट कर सकते हैं। इसके लिए नोटरी से अटेस्टेड स्टाम्प पेपर बनवाकर जमा करना होगा। जिससे ये भी पता लगाया जाएगा कि लड़की बालिग भी है कि नहीं।
वहीं, अगर आप शादी से एक महीने पहले या शादी के तीन महीने बाद मैच्योरिटी क्लोजिंग के लिए अप्लाई करेंगे तो वो मान्य नहीं होगा।
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