अमेरिका में अडानी के खिलाफ क्रिमिनल केस खत्म: ट्रम्प सरकार ने सभी आरोप वापस लिए, कोर्ट में कहा- मामला भारत का, उन्हें ही निपटने दो
Published:
3 min read

अमेरिका में अडानी ग्रुप के खिलाफ नवंबर 2024 में केस दर्ज हुआ था। (फोटो सोर्स: ANI)
नेशनल डेस्क। अडानी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडानी और उनके भतीजे सागर अडानी के खिलाफ अमेरिका में चल रहा क्रिमिनल केस अब खत्म हो गया है। न्यूयॉर्क की एक डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट (DOJ) की मांग पर दोनों के खिलाफ लगे आरोपों को खारिज कर दिया। ट्रम्प प्रशासन के जस्टिस डिपार्टमेंट ने कोर्ट में कहा कि इस मामले का ज्यादातर हिस्सा भारत से जुड़ा है और बेहतर होगा कि इस मामले में अमेरिका की जगह भारत में ही एक्शन हो।
DOJ बोला- केस ही नहीं बनता था
अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट ने 4 जुलाई को कोर्ट में दाखिल अपनी रिपोर्ट में कहा था कि अडानी के खिलाफ यह केस शुरू ही नहीं किया जाना चाहिए था। DOJ ने कहा कि पूरे मामले को देखने के बाद केस वापस लेने का फैसला कोई मुश्किल फैसला नहीं था।
DOJ के मुताबिक, मामले का ज्यादातर हिस्सा भारत से जुड़ा हुआ था। विभाग ने तर्क दिया कि कुछ भारतीयों ने दूसरे भारतीय लोगों को रिश्वत देने की कोशिश की, ताकि भारत में बिजली से जुड़े कॉन्ट्रैक्ट मिल सकें। ऐसे मामले भारत के अंदरुनी सिस्टम से जुड़े हैं और उन्हें अमेरिका की जगह भारत में ही संभाला जाना चाहिए।
क्या था मामला?
अडानी पर आरोप था कि उनकी कंपनी ने भारत में सोलर पावर कॉन्ट्रैक्ट हासिल करने के लिए रिश्वत दी थी। इसमें अमेरिकी निवेशकों को भी धोखे में रखा गया, उन्हें गलत जानकारी दी गई। अडानी पर सिक्योरिटीज फ्रॉड के भी आरोप थे। यही कारण था कि नवंबर 2024 में अमेरिका में अडानी के खिलाफ क्रिमिनल केस दर्ज किया गया था।
इन आरोपों के बाद अडानी ने अमेरिका में भारी भरकम निवेश का ऐलान किया। इसके बाद से ही खबरें आने लगी थी कि ट्रम्प सरकार इस निवेश के बदले अडानी पर चल रहे केस वापस ले सकती है। हालांकि DOJ ने इस बात को साफ तौर पर खारिज किया।
DOJ के अधिकारी आर. ट्रेंट मैककॉट्टर ने कोर्ट में कहा कि अडानी ग्रुप के निवेश की बात सामने नहीं आती तो भी आरोपों को खत्म करने की मांग करते।
अडानी बोले- सच और कानून पर भरोसा कायम रहा
केस खत्म होने के बाद गौतम अडानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर अमेरिकी कोर्ट के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि मुश्किल वक्त के बावजूद उनका सच, निष्पक्षता और कानून पर भरोसा कायम रहा।
अडानी ने उन लोगों का भी धन्यवाद दिया, जिन्होंने इस पूरे मामले के दौरान उन पर और ज्यूडिशियल सिस्टम पर भरोसा बनाए रखा। उन्होंने कहा कि आगे भी उनका फोकस देश और बड़े उद्देश्य के लिए काम करने पर रहेगा। अडानी ने अपनी पोस्ट का अंत ‘जय हिंद’ के साथ किया।

