10वीं-12वीं बोर्ड एग्जाम के लिए 75% अटेंडेंस जरूरी: CBSE का नया नियम, तोड़ने पर स्कूल की मान्यता रद्द होगी
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सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने सभी स्कूलों को एक नोटिस भेजा है। इसके मुताबिक- 10वीं और 12वीं के एग्जाम में अपीयर होने के लिए अटेंडेंस 75% होनी चाहिए। साथ ही कहा है कि अगर स्कूल इस नियम का पालन नहीं करते, तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। छात्रों को बोर्ड परीक्षा में बैठने से रोका जा सकता है और गंभीर मामलों में स्कूल की मान्यता भी रद्द की जा सकती है।
पेरेंट्स को पहले दें जानकारी
CBSE ने सभी स्कूलों को निर्देश दिया है वो अटेंडेंस 75% होने की जानकारी सभी स्टूडेंट्स और उनके पेरेंट्स को पहले ही बता दें। अगर किसी स्टूडेंट की मेडिकल या फिर नेशनल /इंटरनेशनल कम्पटीशन में पार्टिसिपेशन की वजह से अटेंडेंस पूरी नहीं है, तो स्कूल को उससे संबंधित डॉक्यूमेंट जमा करने होंगे। यह डॉक्यूमेंट्स CBSE को 7 जनवरी तक भेजने होंगे। बोर्ड ने यह भी साफ कहा है कि 7 जनवरी के बाद कोई भी आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। अगर अटेंडेंस रिकॉर्ड में बाद में कोई बदलाव करने की कोशिश की गई, तो उसे रिकॉर्ड में हेरफेर (manipulation) माना जाएगा।
सरप्राइज इंस्पेक्शन करेगी CBSE
CBSE ने ये भी कहा है कि उनकी टीम किसी भी स्कूल में सरप्राइज इंस्पेक्शन कर सकती है। इसका मकसद अटेंडेंस वेरीफिकेशन और दूसरी चीजों की जांच करना होगा। अगर रिकॉर्ड अधूरे या गलत पाए गए, तो स्कूल के खिलाफ डिसिप्लीनरी एक्शन लिया जा सकता है।
1 जनवरी तक अटेंडेंस काउंट
CBSE ने उपस्थिति की कमी वाले मामलों को संभालने के लिए स्कूलों को स्टैण्डर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOPs) की एक लिस्ट भी भेजी है, इसके मुताबिक...
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अटेंडेंस 1 जनवरी तक काउंट की जाएंगी।
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हर मामले के लिए स्कूलों को रिटिन कम्युनिकेशन और छुट्टी से जुड़े डॉक्यूमेंट देने होंगे।
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पेरेंट्स से की गई सभी बातचीत को दस्तावेज के रूप में दर्ज करना होगा, जिसे ईमेल या स्पीड पोस्ट के माध्यम से भेजा जाना चाहिए।
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केवल उन्हीं मामलों पर उपस्थिति में छूट (Condonation) दी जाएगी, जिनके पास पूरे डॉक्यूमेंट्स होंगे।

