सागर में लोकायुक्त का बड़ा एक्शन: जल संसाधन विभाग के अकाउंटेंट और बाबू 45 हजार रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार, फाइनल बिल पास करने मांगी थी घूस
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सागर में जल संसाधन विभाग के अकाउंटेंट और बाबू 45 हजार रिश्वत लेते गिरफ्तार
सागर । मध्य प्रदेश के सागर में लोकायुक्त पुलिस ने जल संसाधन विभाग में रिश्वतखोरी के मामले में कार्रवाई की है। लोकायुक्त टीम ने डिविजनल अकाउंटेंट दीपक परिहार को 15 हजार रुपये और लिपिक अरविंद पाठक को 30 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए पकड़ा है। दोनों के पास से कुल 45 हजार रुपये की रिश्वत बरामद किए जाने की जानकारी है। आरोप है कि मझगांय बांध की नहर के निर्माण कार्य का अंतिम बिल पास करने के बदले रकम मांगी जा रही थी। ठेकेदार की शिकायत के बाद लोकायुक्त ने यह कार्रवाई की।
अंतिम बिल पास करने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप
जानकारी के मुताबिक, ग्वालियर निवासी ठेकेदार गौरव तोमर जल संसाधन विभाग के अंतर्गत मझगांय बांध की नहर का निर्माण कार्य करा रहे थे। ठेकेदार के तीन भुगतान पहले हो चुके थे, जबकि चौथे और अंतिम बिल का भुगतान लंबित था। आरोप है कि बिल पास करने के एवज में विभाग के डिविजनल अकाउंटेंट दीपक परिहार और लिपिक अरविंद पाठक रिश्वत की मांग कर रहे थे।
ठेकेदार की शिकायत पर बिछाया जाल
बताया गया कि बिल के भुगतान के लिए लंबे समय से चक्कर काटने के बाद ठेकेदार ने सागर लोकायुक्त कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत की जांच के बाद लोकायुक्त टीम ने कार्रवाई की योजना बनाई। इसके बाद टीम ने कथित रिश्वत राशि लेते समय दोनों कर्मचारियों को पकड़ लिया। कार्रवाई के बाद जल संसाधन विभाग में हड़कंप मच गया।
ठेकेदार ने बताई अपनी परेशानी
शिकायतकर्ता गौरव तोमर के अनुसार, बिल पास नहीं होने और कथित रूप से रिश्वत मांगे जाने के कारण उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि भुगतान के लिए लगातार प्रयास करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ। इसके बाद उन्होंने लोकायुक्त से शिकायत की।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई
लोकायुक्त पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू की है। मामले में अन्य लोगों की भूमिका को लेकर जांच की जा रही है। आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा। फिलहाल दोनों कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई जारी है और लोकायुक्त टीम मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।
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कमल सिंह उईके, डीएसपी, लोकायुक्त सागर
गौरव तोमर, शिकायतकर्ता

