बुमराह और स्टोक्स की तुलना गलत: टीम इंडिया के असिस्टेंट कोच डेस्काटे बोले- हर प्लेयर की कोई खास स्ट्रैन्थ होती है
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बुमराह को हर एक टेस्ट मैच के बाद आराम मिलता है। ताकि उनका वार्क लोड न बडे़। दूसरी तरफ, लॉर्ड्स टेस्ट में स्टोक्स ने लगातार 10 ओवर का स्पैल किया था। सोर्स: सोशल मीडिया
भारत और इंग्लैंड के बीच लॉर्ड्स टेस्ट के बाद जसप्रीत बुमराह और बेन स्टोक्स के वर्क लोड मैनेजमेंट को चर्चा जारी है। इस टेस्ट के आखिरी दिन स्टोक्स ने लगातार 14 ओवर किए और इंग्लैंड को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
दूसरी तरफ, बुमराह पर सवाल उठे कि उन्होंने निर्णायक मौके पर बॉलिंग क्यों नहीं की। अब टीम इंडिया के असिस्टेंट कोच रेयान टेन डेस्काटे ने इस मुद्दे पर सफाई दी है। रेयान ने स्टोक्स और बुमराह की तुलना को भी गलत बताया है।
हर बॉलर की अलग ताकत
रेयान ने साफ कहा- हर गेंदबाज की ताकत अलग होती है। टीम इंडिया दूसरी टीम के प्लेयर्स से अपने प्लेयर्स का कम्पेरिजन नहीं करती। उन्होंने कहा- स्टोक्स वाकई कमाल के खिलाड़ी हैं। उन्होंने पांचवें दिन जिस एनर्जी से गेंदबाजी की, वो शानदार थी। लेकिन हम अपने गेंदबाजी की तुलना किसी से नहीं करते। बुमराह छोटे स्पैल्स में असरदार बॉलिंग करते हैं और यही हमारे लिए स्पेशल इफेक्ट है।
रेयान ने आगे कहा- कुछ बॉलर धीरे-धीरे रिदम में आते हैं। मोहम्मद सिराज 7वें या 8वें ओवर में जाकर असर दिखाते हैं। हर किसी की स्ट्रैंथ अलग होती है और टीम उसी के हिसाब से प्लान करती है।
इरफान पठान ने उठाए सवाल
लॉर्ड्स टेस्ट के बाद पूर्व ऑलराउंडर इरफान पठान ने कहा था- जब भारत को मैच में पकड़ बनानी चाहिए थी, तब बुमराह ने बॉलिंग नहीं की। वो रूट के क्रीज पर आने का इंतजार कर रहे थे। अगर स्टोक्स बिना किसी ब्रेक के लगातार ओवर फेंक रहे हैं तो बुमराह को इतनी ‘वर्कलोड मैनेजमेंट’ की जरूरत क्या थी।
पूरे मैच में जज्बा दिखाया, जबकि बुमराह तो बर्मिंघम टेस्ट में खेले ही नहीं तो फिर वर्कलोड मैनेज क्यों किया गया। अगर आप मैच खेल रहे हैं तो टीम को जिताने के लिए खेलिए।
इस सीरीज में जस्सी
बुमराह अब तक इस सीरीज में भारत के लिए सबसे अहम गेंदबाज रहे हैं। उन्होंने दो बार पांच विकेट लिए हैं। भारत ने जहां हेडिंग्ले टेस्ट गंवाया, वहीं बर्मिंघम में शानदार वापसी करते हुए 336 रनों से जीत दर्ज की।
हालांकि लॉर्ड्स की हार ने एक बार फिर भारत को बैकफुट पर ला दिया है। अब मैनचेस्टर टेस्ट जीतना जरूरी हो गया है अगर भारत सीरीज में वापसी करना चाहता है।

