डिजिटल अरेस्ट और ऑनलाइन ठगी पर प्रशासन सख्त : विदिशा में एसपी ने बैंक मैनेजरों के साथ की बैठक, संदिग्ध खातों पर एक्शन
Published:
2 min read

ऑनलाइन ठगी पर लगाम लगाने के लिए पुलिस की बड़ी पहल।
विदिशा। डिजिटल अरेस्ट और ऑनलाइन ठगी के बढ़ते मामलों को देखते हुए विदिशा पुलिस ने साइबर अपराधियों पर शिकंजा कसने की तैयारी तेज कर दी है। पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी ने कोतवाली थाने में जिले के सभी बैंकों के मैनेजरों की बैठक ली। इसमें ठगी की रकम को दूसरे खातों में ट्रांसफर होने से रोकने और संदिग्ध बैंक खातों पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
डिजिटल अरेस्ट के मामलों पर पुलिस की नजर
बैठक में पुलिस अधिकारियों और बैंक मैनेजरों के बीच ऑनलाइन ठगी से जुड़े मामलों पर विस्तार से चर्चा हुई। खासतौर पर साइबर अपराधियों द्वारा अलग-अलग बैंक खातों का इस्तेमाल कर ठगी की रकम ट्रांसफर कराने के तरीकों पर फोकस किया गया। एसपी ने बैंक अधिकारियों को साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए पुलिस के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए।
संदिग्ध ट्रांजेक्शन पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी ने बैंक मैनेजरों को निर्देशित किया कि पुलिस से संदिग्ध खातों या लेनदेन की जानकारी मिलने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई करें। जरूरत पड़ने पर संबंधित खातों को होल्ड किया जाए, ताकि ठगी की रकम को दूसरे खातों में जाने से रोका जा सके। समय रहते कार्रवाई होने से साइबर ठगी के पीड़ितों को राहत मिलने की संभावना बढ़ सकती है।
बैंकों के समन्वय से साइबर अपराध पर लगेगी लगाम
बैठक का मुख्य उद्देश्य ऑनलाइन ठगी की रकम को समय रहते सुरक्षित करना और साइबर अपराधियों के नेटवर्क पर अंकुश लगाना रहा। पुलिस ने बैंक अधिकारियों से संदिग्ध गतिविधियों पर सतर्क नजर रखने और सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई करने की अपील की।
ये भी पढ़ें- MP में बदला मौसम का मिजाज : बारिश के बाद बढ़ी ठंड, सुबह-शाम कपकपाने लोग; कोहरे की चादर में लिपटा विदिशा
मोनिका तिवारी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक

