MP में इस दिवाली मचेगी रोशनी की धूम: बिजली की मांग 15 हजार मेगावाट पार होने के आसार, बिजली कंपनियों ने शुरू की निर्बाध आपूर्ति की तैयारी
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मध्य प्रदेश में दीपावली के अवसर पर बिजली की अधिकतम मांग 15 हजार मेगावॉट को पार करने का अनुमान है, AI फोटो।
भोपाल। दीपावली पर इस बार प्रदेश में बिजली की मांग 15 हजार मेगावाट के पार पहुंचने के आसार हैं। धनतेरस से ही बिजली की खपत में तेजी आने लगेगी। पिछले साल (दीपावली 2025 पर) बिजली की अधिकतम मांग करीब 14 हजार मेगावाट रही थी, जबकि वर्ष 2023 में यह 16,130 मेगावाट तक पहुंच गई थी। वर्तमान में प्रदेश में बिजली की मांग 10 से 11 हजार मेगावाट के बीच बनी हुई है। अनुमान है कि अगले दो-तीन दिनों में यह बढ़कर 13 हजार मेगावाट से अधिक हो जाएगी और दीपावली पर 15 हजार मेगावाट का आंकड़ा पार कर सकती है। इसे देखते हुए बिजली कंपनियों ने निर्बाध आपूर्ति की तैयारियां शुरू कर दी हैं।
दरसअल, प्रदेश में बारिश और उमस का दौर समाप्त होने के बाद मौसम में ठंडक घुलने लगी है। ज्यादातर शहरों में रात का तापमान 15 डिग्री और दिन का तापमान 30 डिग्री के आसपास बना हुआ है। इससे घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में बिजली की खपत फिलहाल कम है। वहीं, रबी फसलों की सिंचाई का दौर भी अभी शुरू नहीं हुआ है। लेकिन दीपावली पर रोशनी, सजावट और बाजारों में बढ़ती गतिविधियों के कारण बिजली की मांग में अचानक उछाल आता है। धनतेरस से लेकर दीपावली के बाद तक लगातार चार-पांच दिन सामान्य दिनों की तुलना में तीन से चार हजार मेगावाट अधिक बिजली की जरूरत पड़ती है।
उत्पादन इकाइयों को शत-प्रतिशत उत्पादन का लक्ष्य
दीपावली पर बिजली की मांग पूरी करने के लिए प्रदेश की बिजली कंपनियों ने आपूर्ति प्रबंधन की योजना तैयार की है। सभी बिजली उत्पादन कंपनियों को अपनी इकाइयों से अधिकतम उत्पादन करने का लक्ष्य दिया गया है। मध्यप्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी के ताप विद्युत और जल विद्युत गृहों के अलावा इंदिरा सागर, ओंकारेश्वर और सरदार सरोवर परियोजनाओं से बिजली आपूर्ति में योगदान लिया जाएगा। इसके साथ ही केंद्रीय क्षेत्र, सासन परियोजना, स्वतंत्र बिजली उत्पादकों और नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों से भी बिजली उपलब्ध कराई जाएगी।
रबी सीजन में 21 हजार मेगावाट के पार जा सकती है मांग
दीपावली के बाद दिसंबर और जनवरी में बिजली कंपनियों के सामने मांग पूरी करने की बड़ी चुनौती रहेगी। रबी सीजन में खेतों में सिंचाई शुरू होने के साथ बिजली की खपत तेजी से बढ़ती है। पिछले साल इस दौरान बिजली की मांग 19 हजार मेगावाट के पार पहुंच गई थी। इस बार सरकार का अनुमान है कि रबी सीजन में अधिकतम मांग 21 हजार मेगावाट से ऊपर जा सकती है। इसे देखते हुए बिजली कंपनियां अभी से उत्पादन और आपूर्ति की व्यवस्था दुरुस्त करने में जुट गई हैं।
पिछले वर्षों में दीपावली पर बिजली की डिमांड
वर्ष | डिमांड (मेगावाट में) |
2021 | 11,371 मेगावाट |
2022 | 9,846 मेगावाट |
2023 | 16,130 मेगावाट |
2024 | 13,325 मेगावाट |
2025 | 14,000 मेगावाट |

