किरण खेर को 13 लाख का नोटिस: चंडीगढ़ की पूर्व सांसद ने सरकारी आवास की लाइसेंस फीस नहीं चुकाई; बकाया न देने पर 12% ब्याज लगेगा
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किरण खेर 2014 और 2019 में चंडीगढ़ से सांसद चुनी गईं।
चंडीगढ़ से बीजेपी की पूर्व सांसद और अभिनेत्री किरण खेर को सरकारी आवास की लाइसेंस फीस न भरने पर नोटिस भेजा गया है। उन पर करीब 13 लाख रुपये बकाया है। चंडीगढ़ प्रशासन ने नोटिस जारी कर कहा कि अगर जल्द रकम नहीं चुकाई गई तो इस पर 12 प्रतिशत सालाना ब्याज भी लगेगा।
किरण खेर 2014 और 2019 में चंडीगढ़ से सांसद चुनी गई थीं। इस दौरान उन्हें चंडीगढ़ के सेक्टर-7 में मकान नंबर टी-6/23 अलाॅट किया गया था। स्थानीय प्रशासन की ओर से सरकारी आवासों के लिए लाइसेंस शुल्क लिया जाता है। इसी आवास को लेकर चंडीगढ़ के सहायक नियंत्रक (वित्त और नियंत्रक) रेंट दफ्तर की ओर से ये नोटिस जारी किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि नोटिस में किरण खेर से कहा गया है कि वह तत्काल आवास की लाइसेंस फीस जमा करें नहीं तो 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज भी वसूला जाएगा।
आवास खाली न करने पर लगाया गया 100 प्रतिशत जुर्माना
नोटिस के मुताबिक, जुलाई 2023 से 5 अक्टूबर 2024 तक की अवधि के लिए 5,725 रुपये का लाइसेंस शुल्क बकाया है, जबकि 6 अक्टूबर 2024 से 5 जनवरी 2025 तक ‘अनधिकृत’ कब्जा मानते हुए 100 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया है, जिसकी राशि 3.64 लाख रुपये है। वहीं, 6 जनवरी से 12 अप्रैल 2025 तक की अवधि के लिए (परिसर खाली करने की निर्धारित तिथि) 200 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया है जो 8.20 लाख रुपये है। नोटिस में यह भी कहा गया है कि 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज के रूप में 26,106 रुपये और अन्य शुल्क के रूप में 59,680 रुपये जोड़े गए हैं। किरण खेर को यह राशि ‘डिमांड ड्राफ्ट’ या ‘बैंक ट्रांसफर’ के जरिए जमा करने के लिए कहा गया है।
आरटीआई से खुलासा
चंडीगढ़ के आरटीआई एक्टिविस्ट राम कुमार गर्ग ने इस मामले में 13 जून 2025 को जानकारी मांगी थी। जवाब में प्रशासन ने 11 जुलाई 2025 को पूरी डिटेल साझा की। हालांकि, इस पर कांग्रेस ने नरमी दिखाई। चंडीगढ़ कांग्रेस के अध्यक्ष हरमोहिंदर सिंह लक्की ने कहा कि किरण खेर की तबीयत ठीक नहीं रही है, इसलिए प्रशासन अगर थोड़ी रियायत या सहानुभूति दिखाए, तो उसमें कोई हर्ज नहीं है। मानवीय आधार पर उन्हें छूट दी जा सकती है।

